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Budget Session: संसद में बजट सत्र की गर्मागर्म बहस, विपक्ष ने घेरा और सरकार ने दिया ये जवाब

Parliament Live:संसद के बजट सत्र में आज विपक्ष ने विभिन्न मुद्दों पर सरकार को घेरा। खास तौर पर पश्चिम एशिया के हालातों और घरेलू आर्थिक नीतियों पर सदन में भारी हंगामा देखने को मिला।

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भारत

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MI Zahir

Mar 25, 2026

Parliament Budget Session 2026

संसद का बजट सत्र। (फोटो: newsonair.gov.in)

Parliament Budget Session 2026: संसद के बजट सत्र के दौरान आज लोकसभा और राज्यसभा दोनों सदनों में जबरदस्त गहमागहमी देखने को मिली (Lok Sabha and Rajya Sabha proceedings)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) की मौजूदगी में सत्ता पक्ष ने अपनी उपलब्धियां गिनाईं, तो वहीं कांग्रेस (Indian National Congress) के नेतृत्व में विपक्षी गठबंधन (Opposition Alliance NDA vs INDIA) ने महंगाई और बेरोजगारी को लेकर कड़े सवाल दागे। सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष ने पश्चिम एशिया संकट (West Asia Crisis) पर चर्चा के लिए कार्यस्थगन प्रस्ताव पेश किया। सत्ताधारी भाजपा (Bharatiya Janata Party) ने स्पष्ट किया कि सरकार हर मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है, बशर्ते सदन नियमों के अनुसार चले।

पश्चिम एशिया संकट और भारत का रुख (West Asia Crisis All Party Meeting)

विपक्षी दलों ने मांग की है कि पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव को देखते हुए सरकार को तत्काल एक सर्वदलीय बैठक (All Party Meeting) बुलानी चाहिए। कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों का तर्क है कि इस संकट का सीधा असर भारत की अर्थव्यवस्था और वहां रह रहे प्रवासियों पर पड़ सकता है। सरकार की ओर से विदेश मंत्रालय ने संकेत दिए हैं कि भारत स्थिति पर करीबी नजर रखे हुए है और कूटनीतिक स्तर पर शांति के प्रयास जारी हैं। सदन में इस मुद्दे पर हुई चर्चा ने अंतरराष्ट्रीय कूटनीति में भारत की भूमिका को एक बार फिर केंद्र में ला दिया है।

बजट प्रस्तावों पर तीखी बहस (Budget Proposals Discussion)

बजट के बारीकियों पर चर्चा करते हुए वित्त मंत्री ने बुनियादी ढांचे (Infrastructure Development) और डिजिटल इकोनॉमी (Digital Economy) पर जोर दिया। हालांकि, विपक्ष ने इसे 'जनविरोधी' करार देते हुए दावा किया कि इसमें मध्यम वर्ग के लिए कुछ खास नहीं है। क्षेत्रीय दलों ने अपने-अपने राज्यों के लिए विशेष पैकेज की मांग दोहराई। सत्ता पक्ष के सांसदों ने पलटवार करते हुए कहा कि यह बजट विकसित भारत 2047 (Viksit Bharat 2047) के सपने को साकार करने वाला एक रोडमैप है, जिससे देश की जीडीपी को नई गति मिलेगी।

सदन में हंगामे के बीच विधायी कार्य (Legislative Business and Uproar)

शोर-शराबे और नारों के बीच कई महत्वपूर्ण विधायी कार्य भी निपटाए गए। कुछ नए संशोधन बिल (Amendment Bills 2026) पेश किए गए, जिन पर आने वाले दिनों में विस्तृत चर्चा होनी है। सभापति और अध्यक्ष ने सदस्यों से बार-बार शांति बनाए रखने की अपील की, ताकि जनता के मुद्दों पर सार्थक बातचीत हो सके। विपक्षी नेताओं ने सदन के बाहर गांधी प्रतिमा के पास प्रदर्शन कर अपनी एकजुटता का प्रदर्शन किया और सरकार पर तानाशाही का आरोप लगाया।