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वर्क फ्रॉम होम और सोना नहीं खरीदने वाली अपील पर चिढ़ उठे सीपीआई नेता, बोले- ‘पीएम मोदी कुछ भी बोल रहे’

Narendra Modi: पीएम मोदी के वर्क फ्रॉम होम और सोना नहीं खरीदने वाले बयान पर विपक्षी नेताओं के बयान सामने आ रहे हैं। राहुल गांधी के बाद अब सीपीआई नेता डी राजा ने भी पीएम मोदी से सवाल पूछे हैं।

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भारत

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Anurag Animesh

May 11, 2026

PM Modi Appeal To Nation

पीएम मोदी(फोटो-IANS)

PM Modi Work From Home: पीएम मोदी ने देश के लोगों से अपील करते हुए कई चीजों में संयम बरतने की बात कही थी। जिसके बाद देश में नई राजनीतिक बहस शुरू हो गई है। पीएम मोदी ने देश के लोगों से पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने, सोने की खरीद सीमित रखने और जहां संभव हो वहां वर्क फ्रॉम होम अपनाने के साथ कई अन्य सलाह दी थी। अब इस अपील पर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई। अलग-अलग पार्टी के नेता बयान दे रहे हैं। इसी कड़ी में सीपीआई नेता ने कहा कि पीएम मोदी कुछ भी बोल रहे हैं।

सीपीआई नेता ने क्या कहा?


सीपीआई नेता डी राजा ने कहा कि सोना कौन खरीद रहा है? प्रधानमंत्री किसे सलाह दे रहे हैं? डी राजा ने आगे जोड़ा कि पीएम यह भू बताए कि सोना कौन खरीद रहा है? लोगों के पास खाने के लिए भी पर्याप्त पैसे नहीं हैं और वो सोना खरीदने की बात कह रहे हैं। जिसके पास पैसे नहीं हैं वो सोना कहां से खरीदेंगे। 'वर्क फ्रॉम होम' पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि इसका क्या मतलब है?

राहुल गांधी ने क्या कहा?


कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने इसे सरकार की विफलता का संकेत बताया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि सरकार जनता से लगातार त्याग मांग रही है, लेकिन यह नहीं बता रही कि हालात इस मोड़ तक पहुंचे कैसे। उन्होंने आगे लिखा कि लोगों से कहा जा रहा है कि क्या खरीदना है और क्या नहीं, कहां जाना है और कहां नहीं जाना है। उनके मुताबिक यह किसी मजबूत अर्थव्यवस्था की तस्वीर नहीं दिखाता। राहुल गांधी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि हर बार जिम्मेदारी आम लोगों पर डाल दी जाती है, जबकि जवाबदेही सरकार की होनी चाहिए।

कार्ति चिदंबरम ने भी दिया बयान


इधर कांग्रेस सांसद कार्ति चिदंबरम ने भी सरकार से जवाब मांगा है। उन्होंने कहा कि अगर हालात इतने गंभीर हैं कि प्रधानमंत्री को इस तरह की अपील करनी पड़ रही है, तो सरकार को संसद का विशेष सत्र बुलाकर देश को पूरी जानकारी देनी चाहिए। उनके मुताबिक जनता को भरोसे में लेना जरूरी है और अचानक से ऐसी अपीलें करना कई सवाल खड़े करता है।