5 फ़रवरी 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

West Bengal: BSF की ताकत बढ़ाए जाने को लेकर बंगाल में बवाल, TMC के बयान के बाद BJP ने गिनाए फायदे

West Bengal बीएसएफ के अधिकार क्षेत्र बढ़ाने वाले केंद्र के फैसले पर अब राजनीति शुरू हो गई है। पश्चिम बंगाल की ममता सरकार ने भी इसे तर्कहीन फैसला बताया है, बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी ने इस फैसले का स्वागत किया है और इसके फायदे गिनाए

2 min read
Google source verification
140.jpg

नई दिल्ली। सीमा सुरक्षा बल ( BSF ) का अधिकार क्षेत्र बढ़ाए जाने के बाद देश के कई राज्यों में विपक्ष इसका विरोध कर रहा है। इसी कड़ी में पश्चिम बंगाल ( West Bengal )भी शामिल है, जहां ममता सरकार ने बीएसएफ का अधिकार क्षेत्र बढ़ाने का विरोध किया है। पश्चिम बंगाल सरकार ने इस कदम को ‘तर्कहीन फैसला’ बताया है। यही नहीं ममता सरकार ने इसे ‘संघवाद पर सीधा हमला’ करार दिया है।

वहीं ममता सरकार से बयान के बाद पश्चिम बंगाल सियासत गर्मा गई है। अब टीएमसी के इस बयान पर बीजेपी का पलटवार सामने आया है। बंगाल ने नेता प्रतिपक्ष और बीजेपी के वरिष्ठ नेता शुभेंदु अधिकारी (Suvendu Adhikari) ने इस फैसले का स्वागत किया और इसके फायदे गिना डाले।

यह भी पढ़ेँः Durga Puja 2021: पंडालों में दिखी पॉलिटिक्स, 'खेला होबे' और ऑक्सीजन क्राइसिस कंट्रोल थीम पर हुई सजावट

बीएसएफ के अधिकार क्षेत्र बढ़ाने वाले केंद्र के फैसले पर अब राजनीति शुरू हो गई है। कई राज्यों में इसको लेकर विपक्ष विरोध कर रहा है। पश्चिम बंगाल की ममता सरकार ने भी इसे तर्कहीन फैसला बताया है। वहीं बंगाल के विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी ने इस फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने टीएमसी पर पलटवार करते हुए बीएसएफ के अधिकार क्षेत्र बढ़ाए जाने के फायदे भी गिनाए।

अधिकारी ने कहा कि इससे सीमा पर हो रही ड्रग तस्करी और गाय तस्करी पर लगाम लगाने में मदद मिलेगी। अधिकारी ने ट्वीट किया, 'मैं भारत के माननीय गृह मंत्री अमित शाह जी को बधाई देता हूं। आशा है कि पश्चिम बंगाल की सीमा को मजबूत करने से नशीले पदार्थों और गाय की तस्करी और घुसपैठ के मुक्त बहने वाले अवैध व्यापार को समाप्त कर दिया जाएगा, जो पश्चिम बंगाल की सत्तारूढ़ पार्टी और पुलिस के संरक्षण में परिचालित हो रही है।'

पश्चिम बंगाल के यातायात मंत्री और तृणमूल कांग्रेस के नेता फिरहाद हकीम ने कहा कि केंद्र सरकार ‘देश के संघीय ढांचे का उल्‍लंघन’ कर रही है। ‘कानून और व्‍यवस्‍था राज्‍य का विषय है लेकिन केंद्र सरकार केंद्रीय एजेंसियों के जरिए दखल देने की कोशिश कर रही है।

यह भी पढ़ेँः केंद्र सरकार ने 3 राज्यों में बीएसएफ का दायरा बढ़ाया, कांग्रेस और अकाली दल ने जताई आपत्ति

वहीं कांग्रेस के वरिष्ठ सांसद अधीर रंजन चौधरी ने भी बीएसएफ का अधिकार क्षेत्र बढ़ाने के केंद्र सरकार के फैसले का विरोध किया।

दरअसल गृह मंत्रालय के नोटिफिकेशन के मुताबिक, तीन राज्‍यों ( पश्चिम बंगाल, पंजाब और असम ) में BSF का क्षेत्र अंतरराष्‍ट्रीय सीमा से 50 किलोमीटर भीतर तक होगा।

पहले यह दायरा 15 किलोमीटर था। बीएसएफ के अधिकारी पुलिस की तरह ही तलाशी, जब्‍ती और गिरफ्तारी कर सकते हैं। बीएसएफ अधिकारियों का कहना है कि इससे अब उन्हें घुसपैठियों पर लगाम लगाने में मदद मिलेगी।