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चुनाव आयोग पर सियासी संग्राम, BJP नेता सुवेंदु अधिकारी ने अभिषेक बनर्जी को घेरा

पश्चिम बंगाल में सुवेंदु अधिकारी और ममता बनर्जी के बयानों से सियासी घमासान बढ़ा है। TMC-भाजपा एक-दूसरे पर संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम करने और राजनीतिक लाभ के आरोप लगा रहे हैं।

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भारत

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Ankit Sai

Apr 16, 2026

Bengal elections

ममता बनर्जी और सुवेंदु अधिकारी फोटो फाइल-पत्रिका

Election Commission: पश्चिम बंगाल में राजनीतिक माहौल एक बार फिर गरमा गया है। जब भारतीय जनता पार्टी के नेता और विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने TMC के नेता अभिषेक बनर्जी के चुनाव आयोग पर दिए गए बयान की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने आरोप लगाया कि TMC संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम करने की कोशिश कर रही है। दूसरी ओर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी भाजपा पर तीखा हमला बोला है। यह विवाद आगामी विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक तनाव को और बढ़ा रहा है।

TMC पर लोकतंत्र को कमजोर करने का आरोप

सुवेंदु अधिकारी ने अभिषेक बनर्जी के चुनाव आयोग पर दिए गए बयान को गलत बताते हुए तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि TMC लगातार संवैधानिक संस्थाओं को निशाना बनाकर राजनीतिक लाभ लेना चाहती है। अभिषेक बनर्जी ने चुनाव आयोग को लेकर तीखा आरोप लगाते हुए उसे भाजपा का “real trump card” बताया और दावा किया कि मुख्य चुनाव आयुक्त पर भी भाजपा के इशारों पर काम करने का दबाव है। वहीं सुवेंदु अधिकारी ने संसद में पेश किए गए तीन विधेयकों को ऐतिहासिक और सुधारवादी कदम बताते हुए खासकर महिला आरक्षण विधेयक का समर्थन किया। दूसरी ओर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि बंगाल किसी भी हालत में दिल्ली या गुजरात के नियंत्रण में नहीं झुकेगा। भाजपा नेता ने यह भी कहा कि इस तरह के बयान लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए ठीक नहीं हैं। उन्होंने TMC पर जनता को भ्रमित करने का आरोप लगाया।

ममता बनर्जी का भाजपा पर हमला

मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भाजपा पर आरोप लगाया कि वह बंगाल की पहचान और संवैधानिक अधिकारों को कमजोर करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य के लोगों को जानबूझकर परेशान किया जा रहा है। ममता ने यह भी दावा किया कि केंद्र शासित भाजपा राज्यों में बंगाल के लोगों के साथ भेदभाव होता है। उन्होंने अपनी सरकार की उपलब्धियों को गिनाते हुए कहा कि साल 2011 से वह लगातार जनता की सेवा कर रही हैं।

चुनावी माहौल में आरोप-प्रत्यारोप

राज्य में आगामी विधानसभा के मतदान दो चरणों में 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को होगे और परिणाम 4 मई को घोषित किए जाएंगे। भारतीय जनता पार्टी और टीएमसी दोनों ही दल अपनी जीत का दावा कर रहे हैं। इस बीच नेताओं के बयानों से माहौल और अधिक तनावपूर्ण हो गया है। चुनाव प्रचार के दौरान आरोप प्रत्यारोप का दौर लगातार जारी है। राज्य में चुनाव का परिणाम राज्य की राजनीति की दिशा तय करेगा।