
Court Order सहारनपुर में जमीन को लेकर हुए विवाद में दो सगे भाइयों की हत्या के मामले की सुनवाई करते हुए अदालत ने आरोपी पक्ष को एक ही परिवार के 13 लोगों को दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
घटना करीब दस साल पुरानी है। एडीजीसी विकास सैनी के अनुसार जिन चार लोगों को सजा सुनाई गई है उनमें चार सगे भाई हैं। इनके नाम मुनव्वर, सनव्वर, मुस्तफा और मुस्तकीम हैं। इन चारों के अलावा मुस्तफा के दो बेटों शौकीन और मोहसिन को भी यह सजा सुनाई गई है। इनके अलावा अनवर पुत्र बनकर और अनवर पुत्र नत्थू के अलावा जमशेद, प्रवेज और इस्लाम शामिल हैं। अदालत के सजा सुनाने के बाद दोषियों के चेहरों को रंगत उड़ गई। अपर सत्र न्यायाधीश विकास गुप्ता की अदालत में यह मामला चल रहा था। दोनों पक्षों के वकीलों की दलीलों और गवाहों की गवाही व पत्रवाली पर आए साक्ष्यों के आधार पर पुलिस अदालत ने यह सजा सुनाई सुनाई। इतना ही नहीं अदालत ने इन पर आर्थिक दंड भी लगाया है।
एडीजीसी ने ही बताया कि, घटना 12 नवंबर 2016 की है। गंगोह थाना क्षेत्र के गांव कुंडा के रहने वाले इसरार ने पुलिस को बताया कि उसके पिता यासीन और चाचा तासीन की 20 बीघा जमीन को लेकर हुए विवाद में हत्या कर दी गई। पुलिस ने इस मामले की जांच की और सभी आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी। सभी आरोपी एक ही खानदान के हैं। अदालत ने सभी 13 आरोपियों को दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। अदालत ने सजा सुनाने के साथ-साथ आरोपियों पर दस लाख 73 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
Published on:
24 Feb 2026 10:37 pm
