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Delhi: एमसीडी ने क्यूआर आधारित प्लास्टिक कलेक्शन सर्विस की लॉन्च, घर बैठे प्लास्टिक वेस्ट सौंपने पर मिलेंग प्राइज

दिल्ली समेत देश भर में प्लास्टिक वेस्ट एक बड़ी समस्या बनता जा रहा है। इसको डिस्पोज करने के लिए अब सरकार समेत कई संस्थाएं भी एकजुट होकर काम कर रही है। वहीं, प्लास्टिक वेस्ट को कम करने के लिए दिल्ली नगर निगम (MCD) ने नई पहल करते हुए घर बैठे ही लोग प्लास्टिक कचरे को एमसी़डी को सौंप सकें। इसके लिए क्यूआर आधारित प्लास्टिक कलेक्शन सर्विस की लॉन्च की है। एमसीडी के अनुसार इस कदम से दिल्ली की लैंडफिल साइट में भी प्लास्टिक कचरे को पहुंचने से रोका जा सकेगा।

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Delhi: एमसीडी ने क्यूआर आधारित प्लास्टिक कलेक्शन सर्विस की लॉन्च, घर बैठे प्लास्टिक वेस्ट सौंपने पर मिलेंग प्राइज

दिल्ली नगर निगम के स्पेशल ऑफिसर अश्विनी कुमार और करोल बाग जोन की डिप्टी कमिश्नर शशांक आला ने लॉन्त की सर्विस।

प्लास्टिक कचरा एक बड़ी समस्या बनता जा रहा है। सिंगल यूज प्लास्टिक (एसयूपी) को केंद्र सरकार ने बैन कर दिया है। वहीं, अब दिल्ली में प्लास्टिक कचरे को बेहतर तरीके से इकट्ठा करने के लिए भी दिल्ली नगर निगम( एमसीडी) ने भी योजना बनाई है। इसी के तहत एमसीडी ने करोल बाग जोन में 'प्लास्टिक पिक-अप चैट बॉट' की सुविधा शुरू की है। एमसीडी ने स्वयंभू संस्था के सहयोग से प्लास्टिक कचरे के कलेक्शन की दिशा में अहम पहल की है। इस सुविधा की बदौलत लोग घर बैठे अपना प्लास्टिक कचरा एमसीडी को सौंप सकते हैं और बदले में आकर्षक उपहार पा सकते हैं। एमसीडी के विशेष अधिकारी अश्विनी कुमार ने एमसीडी सिविक सेंटर में इस सुविधा को लॉन्च किया। इस अवसर पर करोल बाग क्षेत्र की उपायुक्त शशांका आला और निगम के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।

प्लास्टिक कचरे को लैंडफिल साइट पर जाने में लगेगी रोक

अश्विनी कुमार ने कहा कि एमसीडी की यह पहल सराहनीय है। इस सुविधा को एमसीडी के अन्य क्षेत्रों में लागू करने का प्रयास करेंगे। इस पहल के माध्यम से प्लास्टिक कचरे की समस्या का बेहतर समाधान करने में मदद मिलेगी और प्लास्टिक को लैंडफिल साइट पर पहुंचने से रोका जा सकेगा। उन्होंने कहा कि प्लास्टिक कचरा लैंडफिल के साथ-साथ शहर की सफाई व ड्रेनेज सिस्टम के लिए भी बड़ी चुनौती है। घर से प्लास्टिक कचरे के कलेक्शन की सुविधा को क्यूआर कोड के अलावा अन्य माध्यमों से भी जोड़ना चाहिए। इससे अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकेंगे और प्लास्टिक कचरे का बेहतर निस्तारण हो सकेगा।

48 घंटे में कलेक्ट होगा प्लास्टिक कचरा

शशांका आला ने योजना के बारे में बताया कि लोग एमसीडी द्वारा जारी किए गए क्यूआर कोड को स्कैन कर चैट बॉट शुरू कर सकते हैं। यह नागरिकों से उनका नाम, मोबाइल नंबर और प्लास्टिक पिक अप करने का स्थान पूछेगा। जिसके बाद 48 घंटे के अंदर स्वयंभू संस्था के प्रतिनिधि घर से ही प्लास्टिक कूड़ा कलेक्ट करेंगे। उन्होंने बताया कि एमसीडी की तरफ से मार्केट एसोसिएशन के कार्यालय, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) और अन्य प्रमुख स्थानों पर क्यूआर कोड स्टिकर लगाए जाएंगे। जिससे लोग आसानी से इस सुविधा का इस्तेमाल कर सके। उन्होंने लोगों से लोगों से ज्यादा से ज्यादा इस सुविधा का लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्लास्टिक के बेहतर निस्तारण से इससे होने वाले दुष्प्रभावों को कम किया जा सकता है।