भीलवाड़ा। भीलवाड़ा जिले में ऑपरेशन एंटी वायरस के तहत पुलिस गुमशुदा मोबाइलों की तलाश में जुटी है। पुलिस ने आधुनिक सॉफ्टेवयर की मदद से 124 मोबाइल तलाश लिए है। इन्हें भीलवाड़ा पुलिस ने शुक्रवार को मालिकों को वापस लौटा दिए है।
पुलिस अधीक्षक राजन दुष्यंत ने बताया कि मोबाइल की तलाश के लिए भीलवाड़ा पुलिस सॉफ्टवेयर की मदद ले रही है। दो साल में 424 मोबाइल की गुमशुदगी की रिपोर्ट पहुंची। इनमें 210 मोबाइल चालू हुए, लेकिन फिर बंद कर दिए। पुलिस ने ट्रेकिंग की तो 124 मोबाइल रिकवर हुए। चालीस मोबाइल भीलवाड़ा सिटी से गए। अनुसंधान में पाया कि अधिकांश मोबाइल लोगों की लापरवाही से गिरे हैं। ऐसे मोबाइल का उपयोग लोगों ने कई दिनों तक नहीं किया, लेकिन मोबाइल चालू करते ही उनकी लोकेशन सर्च हुई है।
मददगार बना सीईआईआर पोर्टल
जिले में ऑपरेशन एंटी वायरस 10 जुलाई 2024 से शुरू हुआ। इसमें पुलिस चोरी या गुम मोबाइल भी तलाश रही है। मोबाइल की गुमशुदगी संबंधित थाने में दी जा सकती है। परिवादी जानकारी सीईआईआर पोर्टल पर भी दर्ज करा सकता है। पोर्टल की मदद से पुलिस संबंधित परिवादी के मोबाइल की आईएमईआई ब्लॉक कर देती है।
एक्सपर्ट बोले, मुट्ढी में दुनिया
ऑपरेशन एंटी वायरस के तहत पुलिस गुमशुदा मोबाइलों की तलाश में जुटी है। पुलिस ने आधुनिक सॉफ्टेवयर की मदद से कई कीमती मोबाइल तलाश कर लौटा दिए। पुलिस, ऑपरेशन एंटी वायरस के तहत साइबर अपराध में लिप्त लोगों पर कार्रवाई के साथ लोगों के कीमती मोबाइल भी तलाश रही है।
मोबाइल एक्सपर्ट प्रेम अजमेरा व भारत सिंधी बताते है कि मोबाइल से यूपीआई के पिन के जरिए सीधे बैंक खाते जुड़े हैं। कईयों के रूटीन के डाटा व अपनों के मोबाइल नम्बर सेव होते हैं। ऐसे में मोबाइल के खोने या चोरी होने पर लोग परेशान हो उठते हैं। उनका दावा है कि भीलवाड़ा में 75 हजार से अधिक मोबाइल का उपयोग घर से लेकर ऑफिस तक हो रहा है।