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जल संकट : निगम के टेंडर में फंसा ट्रैक्टर, फील्ड में पानी का टैंकर पंक्चर

शहर में जलापूर्ति की अव्यवस्था के चलते जनता को पूरी क्षमता से पानी मिल रहा है। जलापूर्ति चालू होने के बावजूद जल संकट बना हुआ है। पाइप लाइन सुधार होते ही शनिवार दोपहर बाद सप्लाई शुरू कर दी । लेकिन, शेड्यूल के तहत पाइप लाइन फूटने वाले दिन यानी शुक्रवार को जिन वार्ड में जलापूर्ति का दिन था, उन वार्डों में दूसरे दिन शनिवार को भी जलापूर्ति नहीं हुई। इससे इन वार्डों में तीन से चार दिन तक टंकियों में पानी नहीं पहुंचा।

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खंडवा

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Rajesh Patel

Mar 23, 2025

Drinking water crisis in the city

शहर के लवकुश नगर गली-3 में जलापूर्ति के लिए पहुंचा ट्रैक्टर-टैंकर पंक्चर ।

शहर में जलापूर्ति के लिए अमृत-2 योजना अधूरी है। इमरजेंसी सेवा के नगर निगम की अधूरी तैयारी के चलते पेयजल का संकट गहराने लगा है। निगम दो माह से ट्रैक्टर-टैंकर समेत मोटर पंप खरीदी के लिए टेंडर तक नहीं निकाल सका है। टेंडर की प्रक्रिया कागजों में उलझी हुई है। नगर निगम आयुक्त का कहना है कि टेंडर जल्द खोलने की तैयारी है।

शहर में टैंकर से जलापूर्ति की व्यवस्था बेपटरी

शहर में जलापूर्ति की अव्यवस्था के चलते जनता को पूरी क्षमता से पानी मिल रहा है। जलापूर्ति चालू होने के बावजूद जल संकट बना हुआ है। पाइप लाइन सुधार होते ही शनिवार दोपहर बाद सप्लाई शुरू कर दी । लेकिन, शेड्यूल के तहत पाइप लाइन फूटने वाले दिन यानी शुक्रवार को जिन वार्ड में जलापूर्ति का दिन था, उन वार्डों में दूसरे दिन शनिवार को भी जलापूर्ति नहीं हुई। इससे इन वार्डों में तीन से चार दिन तक टंकियों में पानी नहीं पहुंचा। जलापूर्ति की अव्यवस्था इस कदर है कि नगर निगम अभी तक इमरजेंसी सेवा से निपटने की व्यवस्था पूरी क्षमता से नहीं बना सका है। , ट्रैक्टर समेत सामग्री खरीदी का टेंडर खुलने की प्रक्रिया में है। और फील्ड में जलापूर्ति खटरा ट्रैक्टर-टैंकर पूरी क्षमता से जरूरत वाले मोहल्लों में जलापूर्ति नहीं कर पा रहे हैं।

जलापूर्ति के लिए खटारा ट्रैक्टर, टैंकर लगाए

शनिवार को लवकुश नगर में टैंकर से जलापूर्ति करने पहुंचा ट्रैक्टर व टैंकर पंक्चर हो गए। मोहल्ले के लोगों के पूछने पर चालक ने बताया कि वह फिल्टर प्लांट से पानी लेकर लवकुश नगर में आया था। लौटते समय ट्रैक्टर-टैंकर का पिछला पहिया पंक्चर हो गया। सुधार करने में तीन घंटे लगे। बताते हैं कि नगर निगम में इमरजेंसी सेवा के लिए दस निजी ट्रैक्टर-टेंकर लगे हुए हैं। इसमें कइयों टायर में गोटियां तक नहीं है। ऐसे खटारा ट्रैक्टर-टैंकरों से जलापूर्ति की व्यवस्था की गई है। इससे जनता परेशान परेशान है। मामले में निगम आयुक्त का कहना है कि ऐसे ट्रैक्टर-टैंकर के भुगतान पर रोक लगाई जाएगी।

शेड्यूल वाले मोहल्लों में दूसरे दिन भी नहीं पहुंचा पानी

नर्मदा पाइप लाइन एक दिन पहले मछौंडी में फूट गई। इससे शहर में शुक्रवार को रामनगर समेत पूरे शहर में जलापूर्ति की व्यवस्था प्रभावित रही। टंकी का पानी सुबह के समय जलापूर्ति कुछ घंटे के लिए किया गया था। शनिवार को आपूर्ति चालू हुई तो शुक्रवार वाले शेड्यूल में जलापूर्ति नहीं हुई। रामनगर निवासी सुमन कहना है कि हमारे वाले में तीन दिन से नल नहीं आया। दो दिन पहले गुरुवार को कुछ देर के लिए पानी आया था। टंकी नहीं भरी। शुक्रवार और शनिवार को पानी की सप्लाई ही नहीं आई। रामनगर सेक्टर में कार्य करने वाले निगम के कर्मचारियों का कहना है कि शेड्यूल के तहत ही जलापूर्ति होगी। इसी तरह शुक्रवार को शेड्यूल वाले अन्य मोहल्ले के लोग जलापूर्ति की व्यवस्था को लेकर परेशान रहे।

अप्रैल के अंतिम सप्ताह में नई पाइप लाइन पूर्ण का दावा

नगर निगम आयुक्त प्रियंका सिंह राजावत का कहना है कि नई पाइप लाइन बिछाने का कार्य अप्रैल के अंतिम सप्ताह तक पूर्ण हो जाएगा। शहर में इमरजेंसी सेवा के लिए सामग्री खरीदी का टेंडर प्रोसेस में है। जल्द खुलते ही खरीदी की प्रक्रिया के साथ ही अन्य कार्य प्रगति पर होंगे। वर्तमान समय में ऐसी स्थित नहीं है। सूचना मिलने पर टैंकर से जलापूर्ति की जा रही है। जो टैंकर खराब हैं उनके भुगतान नहीं होंगे। इसकी समीक्षा करेंगे। इमरजेंसी में पानी की सप्लाई अच्छे कंडीशन में ट्रैक्टर व टैंकर से होंगे।