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MahaKal Mandir Ujjain Darshan : उज्जैन महाकाल मंदिर में प्रोटोकॉल दर्शन की नई व्यवस्था

मध्यप्रदेश : उज्जैन श्री महाकालेश्वर मंदिर में अब टोकन से नहीं, मोबाइल पर लिंक से होगी बुकिंग
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भारत

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Kanaram Mundiyar

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Updated: 26 Sep 2025, 5:21 AM IST

मध्यप्रदेश राज्य के उज्जैन श्री महाकालेश्वर मंदिर में प्रोटोकॉल से दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं के लिए नई ऑनलाइन प्रणाली शुरू की जा रही है। अब तक नंदी हॉल से दर्शन के लिए प्रोटोकॉल अधिकारी के मोबाइल पर नाम और नंबर भेजने के बाद टोकन मिलता था, लेकिन अब यह व्यवस्था समाप्त होगी।

मध्यप्रदेश : उज्जैन श्री महाकालेश्वर मंदिर मेंअब टोकन से नहीं, मोबाइल पर लिंक से होगी बुकिंग

नई प्रणाली में पंजीकृत मोबाइल पर लिंक भेजा जाएगा। लिंक पर क्लिक कर श्रद्धालु 250 रुपए का शुल्क ऑनलाइन जमा कर सकेंगे। सफल भुगतान के बाद उन्हें दर्शन की तिथि और समय की जानकारी प्राप्त होगी। यह व्यवस्था भस्म आरती की ऑनलाइन बुकिंग की तर्ज पर होगी। मंदिर प्रशासक प्रथम कौशिक ने बताया कि इस कदम से न केवल प्रक्रिया पारदर्शी और सरल होगी, बल्कि डिजिटल रिकॉर्ड से प्रबंधन को भी सुविधा मिलेगी। श्रद्धालुओं का समय बचेगा और अनियमितताओं पर अंकुश लगेगा।

तिरुपति बालाजी : मंदिर सुरक्षा और क्राउड मैनेजमेंट अब एआई के हवाले

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने गुरुवार को भगवान वेंकटेश्वर स्वामी के तिरुमाला मंदिर में देश का पहला एआई संचालित एकीकृत कमांड नियंत्रण केंद्र (आइसीसीसी) का उद्घाटन किया। तिरुपति बालाजी मंदिर दुनिया में सबसे अधिक भीड़ वाले तीर्थ स्थलों में से एक है। इसलिए यहां क्राउड मैनेजमेंट, सुरक्षा व साइबर खतरे में निगरानी के लिए यह कमांड सेंन्टर विकसित किया गया है।

तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी) के अनुसार आइसीसीसी तीर्थ स्थल की व्यवस्था को आधुनिक तकनीक से जोड़ते हुए तीर्थयात्रियों को सुरक्षित और सुविधाजनक माहौल बनाएगा। इसमें 6,000 से अधिक एआई कैमरे, 3 डी पोजीशन मैप्स और रीयल टाइम डैशबोर्ड लगाए गए हैं। इस केन्द्र को विशेषज्ञों की टीम 24 घंटे मॉनिटर करेगी। मंदिर प्रशासन का कहना है कि अत्याधुनिक व्यवस्था से त्योहारों और विशेष अवसरों पर भीड़ नियंत्रण में बड़ी मदद मिलेगी और तिरुपति बालाजी मंदिर विश्वस्तरीय भीड़ प्रबंधन के मॉडल के रूप में गिना जाएगा।