प्राचीन श्री महादेवगढ़ मंदिर पर श्रावण मास से महानुष्ठान प्रारंभ हो गया है। संपूर्ण श्रावण मास में नेपाल से बुलाए गए सवा तीन लाख से अधिक रुद्राक्षों से निर्मित 11 फीट ऊंचे शिवलिंग को विद्वान ब्राह्मणों द्वारा अखंड 24 घंटे करोड़ों ओम नम: शिवाय एवं ओम दुं दुर्गायै नम: मंत्रो द्वारा अभिमंत्रित किया जा रहा है। श्रावण मास के बाद ये अभिमंत्रित सिद्ध रुद्राक्ष जिलेभर में वितरण किए जाएंगे।
भोलेनाथ के साथ भारत माता की आरती
महादेवगढ़ संरक्षक अशोक पालीवाल ने बताया कि सावन के महीने में पार्थिव शिवलिंग की पूजा करने से व्यक्ति के जीवन में समस्त कष्ट दूर होते है तथा सभी मनोरथ पूर्ण होते हैं। मंत्रों से अभिमंत्रित होने के बाद ये रुद्राक्ष अपने आप में सिद्ध हो जाते है। मंदिर समिति के अतुल अग्रवाल ने बताया कि प्रतिदिन शहर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों की सैकड़ों मातृशक्तियों द्वारा दोपहर 2 बजे से श्री पार्थेश्वर पूजन अभिषेक किया जा रहा है। प्रतिदिन भगवान भोलेनाथ की आरती के पश्चात् मातृशक्तियों द्वारा भारत माता की आरती भी की जा रही है।
श्रावण मास पर्यंत होगा शिव पार्थेश्वर पूजन
प्राचीन महादेवगढ़ मंदिर पर श्रावण माह के अवसर पर प्रतिदिन शिव पार्थेश्वर पूजन किया जा रहा है। मंदिर पुजारी पं. अश्विन खेड़े ने बताया कि शनिवार को दादाजी वार्ड की मातृशक्तियों ने पूजन किया। जिसमें रंजना पवार, जानकी पवार, दीपिका पालीवाल, योगिता बोरणारे, रानी सैनी, सरोज सैनी, हेमलता सैनी, उषा परदेसी, मीरा प्रकाश, अनीता पटेल, जागृति पटेल, बबली प्रजापति, लीलाबाई दरबार सहित सैकड़ों मातृ शक्ति उपस्थिति रहीं।