5 सितंबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

आज का पंचांग 21 दिसंबर 2018

आज का पंचांग 21 दिसंबर 2018
2 min read
Google source verification

भोपाल

image

Tanvi Sharma

Dec 21, 2018

panchang

ज्योतिष पं. गुलशन अग्रवाल

राष्ट्रीय मिति मार्गशीर्ष 30 शक संवत् 1940 मार्गशीर्ष शुक्ला चतुर्दशी शुक्रवार विक्रम संवत् 2075 सौर पौष मास प्रविष्टे 06, रवि उल्सानी 13 हिजरी 1440 (मुस्लिम) तदनुसार अंग्रेजी तारीख 21 दिसम्बर सन् 2018 ई०। दक्षिणायण दक्षिण गोल, हेमन्त ऋतु।

राहुकाल पूर्वाह्न 10 बजकर 30 मिनट से 12 बजे तक। चतुर्दशी तिथि अर्धरात्रोत्तर 2 बजकर 9 मिनट तक उपरांत पूर्णिमा तिथि का आरंभ, रोहिणी नक्षत्र अर्धरात्रोत्तर 1 बजकर 22 मिनट तक उपरांत मृगशिरा नक्षत्र का आरंभ, साध्य योग 4 बजकर 24 मिनट तक उपरांत शुभ योग का आरंभ, गर करण अपराह्न 3 बजकर 22 मिनट तक उपरांत विष्टि करण का आरंभ।

आज के मुहर्त- अनुकूल समय में नये व्यवसायिक वाहन खरीदने के लिए शुभ मुहूर्त है।

चन्द्रमा दिन रात वृष राशि पर संचार करेगा। आज ही भद्रा अर्धरात्रोत्तर 2 बजकर 9 मिनट, पिशाचमोचन श्राद्ध, सूर्य सायन मकर में अर्धरात्रोत्तर 3 बजकर 53 मिनट, सायन उत्तरायण प्रारंभ, शिशिर ऋतु प्रारंभ, शुक्र विशाखा में अगले दिन तड़के 4 बजकर 39 मिनट शिव चतुर्दशी।

जीवन में समाज सुधार का काम जरूर करेंगे। प्रायः सर्वगुण सम्पन्न व प्रचुर धनसंपदा के मालिक होंगे।

पंचांग या पंचागम् हिन्दू कैलेंडर है जो भारतीय वैदिक ज्योतिष में दर्शाया गया है। पंचांग मुख्य रूप से 5 अव्यवों का गठन होता है, अर्थात् तिथि, वार, नक्षत्र, योग एवं करण। पंचांग मुख्य रूप से सूर्य और चन्द्रमा की गति को दर्शाता है। हिन्दू धर्म में हिन्दी पंचांग के परामर्श के बिना शुभ कार्य जैसे शादी, नागरिक सम्बन्ध, महत्वपूर्ण कार्यक्रम, उद्घाटन समारोह, परीक्षा, साक्षात्कार, नया व्यवसाय या अन्य किसी तरह के शुभ कार्य नहीं किये जाते। जैसा कि प्राचीन समय से बताया गया है कि हर क्रिया के विपरीत प्रतिक्रिया होती है। इसी तरह जब कोई व्यक्ति पर्यावरण के अनुरूप कार्य करता है तो पर्यावरण प्रत्येक व्यक्ति के साथ समान तरीके से कार्य करता है। एक शुभ कार्य प्रारम्भ करने से पहले महत्वपूर्ण तिथि का चयन करने में हिन्दू पंचांग मुख्य भूमिका निभाता है। पंचांग एक निश्चित स्थान और समय के लिये सूर्य, चन्द्रमा और अन्य ग्रहों की स्थिति को दर्शाता है। संक्षेप में पंचांग एक शुभ दिन, तारीख और समय पे शुभ कार्य आरंभ करने और किसी भी तरह के नकारात्मक प्रभाव को नष्ट करने का विचार प्रदान करता है।