
नोएडा मेट्रो एक्वा लाइन विस्तार को केंद्र सरकार की मंजूरी मिल गई है। PC: IANS
नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (एनएमआरसी) के लिए एक बड़ी उपलब्धि सामने आई है। भारत सरकार ने एक्वा लाइन मेट्रो कॉरिडोर को डिपो स्टेशन से बोड़ाकी स्थित मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब (एमएमटीएच) तक विस्तार देने की परियोजना को औपचारिक मंजूरी दे दी है।
इससे पहले इस परियोजना की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट को उत्तर प्रदेश सरकार की कैबिनेट द्वारा स्वीकृति दी गई थी। इस नए प्रोजेक्ट में प्रस्तावित रूट और स्टेशन के मुताबिक यह मेट्रो विस्तार कुल 2.60 किलोमीटर लंबा होगा और तीन स्टेशनों को जोड़ेगा, जिनमें डिपो स्टेशन (मौजूदा), जुनपत गांव मेट्रो स्टेशन (नया) और बोड़ाकी मेट्रो स्टेशन (नया) रहेंगे।
बोड़ाकी एमएमटीएच को एक प्रमुख ट्रांजिट हब के रूप में विकसित किया जाएगा, जिसमें एक अंतरराज्यीय बस टर्मिनल (आईएसबीटी), रेलवे पैसेंजर टर्मिनल और एक स्थानीय बस अड्डा शामिल होगा। यह मेट्रो लिंक बहु-माध्यमीय परिवहन व्यवस्था को जोड़ने में अहम भूमिका निभाएगा।
इस परियोजना की कुल लंबाई 2.6 किलोमीटर होगी। इसमें कुल लागत 416.34 करोड़ रुपए आएगी, जिसमें ट्रैक गेज अथवा स्टैंडर्ड गेज (1435 मिलीमीटर) और ट्रैक्शन सिस्टम, जिसमें 25 केवी एसी ओवरहेड विद एससीएडीए मौजूद रहेगा। इस परियोजना से जुड़ा टोपोग्राफिकल सर्वे पूरा हो चुका है और जियोटेक्निकल जांच प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है। सभी आवश्यक स्वीकृतियों के बाद परियोजना को 3 वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
इस परियोजना से जुड़े फंडिंग मॉडल के मुताबिक, यह परियोजना स्पेशल पर्पज व्हीकल (एसपीवी) संरचना के अंतर्गत एनएमआरसी द्वारा लागू की जाएगी। इस परियोजना में फंडिंग की संरचना के मुताबिक भारत सरकार की तरफ से 20 प्रतिशत भागीदारी होगी, जो करीब 70.59 करोड़ होगी। उत्तर प्रदेश सरकार (इक्विटी+टैक्स) की भागीदारी 24 प्रतिशत, करीब 91.08 करोड़ होगी। डोमेस्टिक लोन/एनसीआरपीबी 60 प्रतिशत होगा, जो कि 211.80 करोड़ आयेगा।
इसके अलावा, पीपीपी घटक एवं भूमि (नोएडा/ग्रेनो) में लागत 10.44 + भूमि करोड़ आएगी। कुल 100 प्रतिशत में लागत 416.34 करोड़ होगी। इसके अलावा, सेक्टर-51 (नोएडा) से नॉलेज पार्क-V (ग्रेटर नोएडा) तक के संशोधित डीपीआर को यूपी सरकार द्वारा 29 नवंबर 2024 को स्वीकृति मिली थी। इसके बाद इसे केंद्र को भेजा गया। यह परियोजना नेटवर्क प्लानिंग ग्रुप की 94वीं बैठक में प्रस्तुत की गई और सैद्धांतिक रूप से अनुशंसित की गई है।
अब पीआईबी बैठक के माध्यम से अंतिम स्वीकृति की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। इसके साथ ही सेक्टर-142 (नोएडा) से बॉटनिकल गार्डन (नोएडा) तक की परियोजना की डीपीआर को यूपी सरकार ने 28 जून 2024 को मंजूरी दी थी। इसके बाद 2 जुलाई 2024 को इसे केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय को भेजा गया। यह डीपीआर नेटवर्क प्लानिंग ग्रुप की 90वीं बैठक में प्रस्तुत की गई थी और इसे भी सैद्धांतिक रूप से अनुशंसा मिली है। अब पीआईबी बैठक की प्रतीक्षा है, जिसके बाद इन दोनों को मंजूरी मिलते ही काम शुरू होगा।
Updated on:
24 Jul 2025, 7:23 PM IST
Published on:
24 Jul 2025, 7:23 PM IST
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