मुख्यमंत्री की रैली के बाद पद से हटाया गया यह नेता, लगाए गंभीर आरोप

मुख्यमंत्री की रैली के बाद पद से हटाया गया यह नेता, लगाए गंभीर आरोप

Virendra Kumar Sharma | Publish: Sep, 11 2018 03:10:53 PM (IST) Noida, Uttar Pradesh, India

8 सितंबर को नोएडा के सेक्टर-46 स्थित कर्मिशयल ग्राउंड में जन अधिकार पदयात्रा के बाद रैली का आयोजन किया गया था

नोएडा. आम आदमी पार्टी की तरफ से 8 सितंबर को नोएडा के सेक्टर-46 स्थित कर्मिशयल ग्राउंड में जन अधिकार पदयात्रा के बाद रैली का आयोजन किया गया था। इस रैली में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, पूर्व केंद्रीय मंत्री यशवंत सिन्हा, बीजेपी सांसद शत्रुघन सिन्हा, राज्यसभा सांसद संजय सिंह आदि दिग्गज नेता मौजूद रहे। रैली की तैयारी को लेकर पिछले काफी दिनों से आम आदमी पार्टी के नेता और कार्यकर्ता लगे हुए थे। सोमवार को आम आदमी पार्टी नोएडा इकाई के महासचिव शैलेंद्र वर्णवाल को पद से हटा दिया है। बताया गया है कि रैली के दौरान निष्क्रिय रहने और पार्टी के सोशल मीडिया ग्रुप पर
अनुशासनहीनता करने पर उन्हें हटाया गया है।

यह भी पढ़ें: 5 माह बाद फोन में बजी थी ऐसी रिंगटोन कि खुल गया हत्या का राज

पार्टी के गौतमबुद्ध नगर के महासचिव राकेश सिसौदिया ने बताया कि वर्णवाल ने जन अधिकार रैली के दौरान ग्रुप पर अनुशासनहीनता की थी। उन्होंने बताया कि वर्णवाल रैली के दौरान निश्क्रिय रहे थे। वर्णवाल को इस साल 25 अगस्त को आम आदमी पार्टी का नोएडा इकाई का महासचिव नियुक्त किया था। राकेश सिसौदिया ने बताया कि पार्टी में सदस्य के रूप में बने रहेंगे। उधर, शैलेंद्र वर्णवाल ने बताया कि पार्टी ने किसी जिम्मेदार पदाधिकारी के पत्र के बजाय वट्सऐप मेसेज पर उन्हें हटाने की जानकारी दी गई है। उन्होंने इस कार्रवाई को बिना नोटिस दिए पद से हटाने को लोकतंत्र का गला घोटना जैसा बताया है।

सीएम की सुरक्षा में बताई थी चूक

शैलेंद्र वर्णवाल ने बताया कि गौतम बुद्ध जिले के महासचिव राकेश सिसोदिया ने बिना कोई नोटिस जारी किए और बिना कोई मौका दिए पद से हटा दिया। उन्होने बताया कि आम आदमी पार्टी के WhatsApp ग्रुप में दो मुद्दे उठाए थे। पहला मुद्दा रैली के दौरान टाइट सिक्योरिटी के बाद मंच पर जेबकतरे कैसे पहुंच गए। उन्होंने बताया कि बड़ी संख्या में मोबाइल VIP के चोरी हुए थे। उन्होने इसे सुरक्षा में बहुत बड़ी चूक ग्रुप पर बताया था। उन्होंने बताया कि मंच पर चोर घुस गए थे तो कोई ओर भी बड़ी घटना हो सकती थी। उन्होंने बताया कि जिला प्रवक्ता संजय निगम का स्टेटमेंट था कि आम आदमी पार्टी भारत बंद में शामिल नहीं होगी। उन्होंंने बताया कि पार्टी की तरफ से सीधे-सीधे उन्हें भारत बंद में शामिल न होने की सूचना नहीं दी गई थी। इस मुद्दे को भी उठाया गया था।

लोकतंत्र का गला घोटना जैसा की गई है कार्रवाई

उन्होंने बताया कि इन्हीं को लेकर राकेश सिसोदिया नाराज हो गए और उन्होंने मेरे ऊपर अनुशासनहीनता का आरोप लगा दिया। उन्होंने बताया कि जन अधिकार पद यात्रा के समापन समारोह के लिए तन मन धन से कार्य किया और सैकड़ों लोगों को इकट्ठा किया था। उसके बाद भी निष्क्रिय बताया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाए है कि सिसोदिया ने बीमारी का बहाना बनाकर जनसंपर्क रैली में बहुत कम समय दिया था। उन्होंने बताया कि मेरे खिलाफ यह षड्यंत्र रचा गया है। उन्होंने कहा कि पद से हटाने का कोई पत्र नहीं दिया गया है। उन्होंने बताया कि यह नोएडा आम आदमी पार्टी का लोकतंत्र है। जिसमें लोगों को बोलने के अधिकार से भी वंचित किया जा रहा है।

यह भी पढ़ें: कांग्रेस को जिताना है तो वोट के साथ खर्च करने पड़ेगा नोट भी, जानिए क्यों

Ad Block is Banned