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CWG 2018 : संदिग्ध डोपिंग मामले में वापस भेजे गए राकेश, इरफान

भारत के दो एथलीट राकेश बाबू और इरफान कोलोथुम थोडी को सुई साथ न रखने' की नीति के उल्लंघन का दोषी पाया गया है।

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नई दिल्ली| ऑस्ट्रेलिया के गोल्ड कोस्ट में जारी 21वें राष्ट्रमंडल खेलों में जहां एक तरफ भारत की झोली में लगातार पदकों की संख्या बढ़ती जा रही है वहीं भारत के लिए एक बुरी खबर है। भारतीय दो एथलीट ट्रिपल जंपर राकेश बाबू और पैदल चाल धावक इरफान कोलोथुम थोडी को यहां जारी राष्ट्रमंडल खेलों में 'सुई साथ न रखने' की नीति के उल्लंघन का दोषी पाया गया है। इस कारण राष्ट्रमंडल खेल महासंघ (सीजीएफ) ने उन्हें स्वदेश वापस भेज दिया है।

क्वाटरों में सुइयां पाई गईं
सीजीएफ के अनुसार, राकेश और इरफान के राष्ट्रमंडल खेल गांव के क्वाटरों में सुइयां पाई गईं। इसीलिए, दोनों को संदिग्ध डोपिंग मामले के तहत भारत भेज दिया गया है। राष्ट्रमंडल खेल महासंघ ने अपने एक बयान में कहा, "राकेश और इरफान ने सुई साथ न रखने की नीति का उल्लंघन किया है। वे दोनों इस नीति के पहले, दूसरे, तीसरे और पांचवें पैराग्राफ के अनुपालन को सुनिश्चित करने में असफल रहे हैं।"सीजीएफ ने कहा, "राकेश और इरफान को इस मामले में तुरंत प्रभाव के साथ राष्ट्रमंडल खेलों से बाहर कर दिया गया है। उनकी मान्यता को भी रद्द कर दिया गया है।"

दोनों खिलाड़ी पहली उड़ान से भारत लौट जाएं
इसके अलावा उन्होंने कहा ,‘हमने भारतीय राष्ट्रमंडल खेल संघ से यह सुनिश्चित करने को कहा है कि दोनों खिलाड़ी पहली उड़ान से भारत लौट जाएं।’ इरफान की 20 किमी पैदलचाल स्पर्धा हो चुकी है, जिसमें वह 13वें स्थान पर रहे। वहीं, बाबू को आज ट्रिपल जंप फाइनल खेलना था, जिसमें 12वें स्थान पर रहकर उन्होंने क्वालिफाई किया था।’

पहले भी हो चुका है ऐसा
सीजीएफ ने हालांकि कहा कि डोपिंग का कोई मामला नहीं है। बार-बार प्रयासों के बावजूद भारत के दल प्रमुख विक्रम सिसोदिया ने कोई जवाब नहीं दिया। इससे पहले एक मुक्केबाज के कमरे के बाहर सुई मिलने से भारत को खेल शुरू होने से पहले ही शर्मिंदगी झेलनी पड़ी थी। राष्ट्रमंडल खेल महासंघ अदालत ने कल सीजीएफ मेडिकल आयोग से नोटिस मिलने के बाद मामले की सुनवाई की।