
आऊवा/पाली। 1857 की अमर क्रांति के गवाह रहे जिले के आऊवा गांव में बनाए गए पेरोनमा का मुख्यमंत्री द्वारा उद्घाटन करवाने को लेकर संभावित दौरे को लेकर शनिवार को राजस्थान प्राचीन प्राधिकरण के अध्यक्ष ओंकार सिंह लखावत, मारवाड़ जंक्शन विधायक केसाराम चौधरी, सोजत डिप्टी सुरेश कुमार, उपखण्ड अधिकारी आश्विनी के. पंवार सहित पुलिस टीम ने आऊवा पहुँचकर हैलीपेड व पेरोनमा स्थल का जायजा लिया।
राजस्थान प्राचीन प्राधिकरण के अध्यक्ष लखावत ने बताया कि मुख्यमंत्री संभावित दौरे को देखते हुए पहले से ही तैयारियां शुरू कर ली गई है। राजस्थान गौरव यात्रा के चलते 30 अगस्त को मुख्यमंत्री का आऊवा का संभावित दौरा करेगी या जाडन से ही फीता काटकर आउवा के पेरोनमा का उद्धाटन करेगी। इसी को लेकर शनिवार को पेरोनमा स्थल का निरीक्षण करने के साथ टेंट व्यवस्था और हैलीपेड स्थल का जायजा लिया गया है। वहीं 160 साल बाद आऊवा का स्वाभिमान मां सुगाली की प्रतिमा भी शनिवार को आऊवा पहुंच गई है।
यह है आऊवा का इतिहास
1857 की अमर क्रांति का गवाह रहा आऊवा में राजस्थान सरकार द्वारा 161 साल बाद पुन: गांव को उसका स्वाभिमान मां सुगाली की प्रतिमा को आऊवा पेरोनोमा में स्थापित की जाएगी। इसके साथ ही पूरे पेरोनमा में 1857 के महान क्रंतिकारियों का सचित्र वर्णन भी पेरोनमा में नजर आएगा। राजस्थान सरकार द्वारा बनाया जा रहे पेरोनमा में उन वीर क्रांतिकारियों की प्रतिमा स्थापित की जाएगी, जिन्होंने 1857 में ब्रिटिश सरकार के खिलाफ युद्ध किया। इसके साथ ही पेरोनोमा में 24 स्वतन्त्र सेनानियों की प्रतिमा भी स्थापित की जा चुकी है, जिन्हें ब्रिटिश सरकार ने दो दिन की न्यायिक प्रक्रिया पूरी कर बंदूकों से मौत के घाट उतार दिया था। इसके साथ ही 1857 का राजस्थान का इतिहास भी पेरोनोमा में नजर आएगा। मां सुगाली की प्रतिमा व पैट्रिक लॉरेश की प्रतिमा भी पेरोनमा में स्थापित की जाएगी।