
मध्य प्रदेश में भीषण गर्मी ( Extreme heat ) के बीच जहां लोगों का जीना मुहाल हुआ जा रहा है तो वहीं पशु-पक्षियों ( birds ) का भी बुरा हाल है। आलम ये है कि, कई इलाकों में पड़ रही जोरदार गर्मी के कारण पेड़ो पर बैठे बैठे ही पक्षियों की मौत ( bats died ) हो रही है। प्रदेशभर के अलग अलग इलाकों में लगातार हो रही पक्षियों की मौतों ( birds death ) के बीच पन्ना जिले ( panna district ) से एक अजीबो गरीब मामला सामने आया है। यहां मरकर एक के बाद एक लगातार बड़ी संख्या में पेड़ों से टपक रही तमगादड़ों की लूट का अजीबो गरीब मामला सामने आया है।
बता दें कि शहर के दहलानताल में रहने वाले लोग एक तरफ तो इन हजारों की तादाद में मर रही चमगादड़ों को देखकर किसी अज्ञात बीमारी की दहशत में जी रहे हैं तो वहीं दूसरी तरफ यहां कई लोग पेड़ों के नीचे बड़ी संख्या में मृत पड़ी इन चमगादड़ों को बोरियों भर भरकर उठा ले जा रहे हैं। बता दें कि यहां तालाब के किनारे बड़ी संक्या में पेड़ हैं, जिसपर लाखों की तादाद में चमगादड़ों का बसेरा है। लेकिन, भीषम गर्मी के चलते इन दिनों हजारों की तादाद में ये चमगादड़ें मर मरकर पेड़ों से टपक रही हैं। लेकिन, जैसे ही लोगों को इसकी जानकारी लगी तो बड़ी संख्या में लोग बोरियां लेकर पेड़ों के नीचे पहुंच गए और सभी चमगादड़ें बीनकर अपने अपने घर ले गए।
हालांकि, जब कुछ लोगों से इन मरे हुए चमगादड़ घर ले जाने का कारण पूछा गया तो उन्होंने बताया कि इन चमगादड़ों की हड्डियां, इंसानी हड्डियों के दर्द में बेहद फायदेमंद होची हैं। इसकी हड्डियों से दवाई बनाई जाती है। हालांकि, जानकारी लगने पर नगर पालिका की टीम मौके पर पहुंच गई और मरे हुए चमगादड़ों को कचरा वाहन में भरकर ले गई और कहीं दूर फिकवा दिया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि तालाब के आस-पास बड़ी संख्या में पेड़ हैं जिनपर लाखों चमगादड़ों का बसेरा है। लेकिन सुबह से अचानक हजारों चमगादड़ गर्मी या किसी अज्ञात बीमारी के कारण मरकर सूखे पत्तों की तरह पेड़ से टपक रहे हैं। जानकारी लगने के बाद आस-पास के लोग मौके पर पहुंचे। वहीं कुछ लोग मरे हुए चमगादड़ बोरी में भरकर ले गए। उनका कहना है कि चमगादड़ो की हड्डियों का इस्तेमाल दर्द और अन्य कई बीमारियों के इलाज में होता है। इसकी हड्डियों से दवा बनाई जाती है। हालांकि, उन लोगों की बात में कितनी सच्चाई है, ये तो कोई चिकित्सक ही जाने।
इतनी बड़ी संख्या में चमगादड़ों के मरने से आस-पास बदबू फैलने लगी। हालात ये हो गए कि कई लोग किसी अज्ञात बीमारी की शंका के चलते दहशत में आ गए तो कई लोगों को इतनी संख्या में मरी चमगादड़ों से उत्पन्न होने वाली बदबू का सामना करना पड़ रहा है। आपको ये भी बता दें कि घटना स्थल के पास ही में बने तालाब और मंदिर में हर रोज स्नान करने और भगवान के दर्शन करने आते हैं। जिस कारण उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
Published on:
29 May 2024 02:32 pm

बड़ी खबरें
View Allपन्ना
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
