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MP News: दुश्मन बने सहारा, तेंदुए पर लात डालकर बैठा रहा बछड़ा, चाटकर किया दुलार

MP News: तेंदुए से जान बचाकर भाग रहा था बछड़ा, दोनों बिना मुंडेर के कुएं में गिरे, 14 घंटे तक साथ में कुएं में रहे दोनों।

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panna

leopard calf fall in well rescue 14 hours survival story

MP News: मध्यप्रदेश के पन्ना से एक अनोखा मामला सामने आया है। यहां दक्षिण पन्ना वनमंडल अंतर्गत रैपुरा रेंज की अलौनी बीट के पास ग्राम मक्केपाला में शुक्रवार को एक बेहद रोचक घटना सामने आई। शिकार की तलाश में भटकते तेंदुए ने बछड़े को शिकार बनाना चाहा। बछड़ा जान बचाकर भागने लगा, तभी दोनों बिना मुंडेर के कुएं में जा गिरे। करीब 14 घंटे तक दोनों बिना मुंडेर के कुएं में ही रहे और जब दोनों की जान पर संकट आया तो कुछ ऐसा हुआ जिसे देखकर रेस्क्यू करने पहुंची टीम के सदस्य भी देखकर हैरान रह गए।

जान पर आई तो बने एक-दूसरे का सहारा

बिना मुंडेर के कुएं में गिरने से तेंदुए और बछड़े दोनों की जान पर बन आई। करीब 14 घंटे तक दोनों ही कुएं में रहे लेकिन न तो तेंदुए ने बछड़े का शिकार किया और न ही बछड़ा तेंदुए से डरा। इस दौरान बछड़ा कभी तेंदुएं के ऊपर जाकर बैठ जाता तो कभी तेंदुए को चाटता और दुलार करता। तेंदुए ने भी बछड़े पर न तो हमला किया और न ही कोई नुकसान पहुंचाया। जब मौके पर पहुंचे रेस्क्यू दल ने कुएं में तेंदुए के ऊपर बछड़े को पैर रखकर बैठे देखा तो वो भी हैरान रह गए।

रेस्क्यू कर तेंदुए और बछड़े को कुएं से निकाला

वन विभाग ने लकड़ी के लट्ठों को आपस में बांधकर और उन पर रस्सियां कसकर एक मजबूत अस्थायी सीढ़ी तैयार की। इसे सावधानीपूर्वक कुएं में उतारा गया, ताकि तेंदुआ आसानी से ऊपर चढ़ सके। साथ ही पूरी रणनीति इस तरह बनाई गई कि बाहर निकलते ही तेंदुआ गांव की तरफ न जाए, बल्कि सीधे जंगल की दिशा में निकल जाए। घंटों की मशक्त के बाद दक्षिण वन मंडल पन्ना की टीम की मेहनत काम आई और तेंदुआ सीढ़ी के सहारे बाहर आया और तेजी से नजदीकी वन क्षेत्र की ओर चला गया। इसके बाद बछड़े को भी सुरक्षित बाहर निकाला गया।

डीएफओ ने दी जानकारी

डीएफओ अनुपम शर्मा ने बताया, यह पूरी घटना रैपुरा वन परिक्षेत्र के अलौनी गेट के पास ग्राम मक्के पाला गुरु-शुक्रवार की दरम्यानी रात की है। भूख और प्यास से भटकता हुआ तेंदुआ देर रात मक्के पाला पहुंचा। जहां उसे एक बछड़ा दिख गया। तेंदुएं ने बछड़े पर हमले का प्रयास किया तो वह जान बचाकर भागने लगा। तभी बछड़ा गांव के अंदर बिना मुंडेर के कुएं में जा गिरा, पीछे आ रहा तेंदुआ भी कुएं में गिर गया। शुक्रवार सुबह 11 बजे कुछ ग्रामीणों को कुएं के अंदर से आवाज आई तो उन्होने अंदर झांका। मामले की सूचना वन विभाग को दी इसके बाद वन विभाग का अमला मौके पर पहुंचा और रेस्क्यू कर दोनों को सुरक्षित कुएं से बाहर निकाला।