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शिव कथा में रची ठगी की साजिश! पत्नी बनी फर्जी IAS और पति बॉडीगार्ड; गाड़ी पर प्रधान सचिव का बोर्ड लगाकर ठगे लाखों

मधेपुरा में एक दंपति ने खुद को फर्जी IAS अधिकारी बताकर सरकारी ठेके दिलाने के बहाने लाखों रुपये की ठगी की। इस मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने पटना से पति-पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है।

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पटना

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Anand Shekhar

Apr 07, 2026

Bihar Fake IAS

फर्जी IAS की गाड़ी के साथ खड़ा आरोपी

Bihar Fake IAS:बिहार के मधेपुरा जिले में धोखाधड़ी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक दंपति ने हाई-प्रोफाइल सरकारी अधिकारी बनकर एक ठेकेदार को अपना शिकार बनाया। आरोपी महिला ने खुद को एक वरिष्ठ IAS अधिकारी बताया जबकि उसके पति ने खाकी वर्दी पहनकर उसके बॉडीगार्ड की भूमिका निभाई। इस बड़े घोटाले का पर्दाफाश करते हुए मधेपुरा पुलिस ने आरोपी दंपति को पटना के बिहटा से गिरफ्तार कर लिया है।

शिव महापुराण कथा में बुना जाल

इस हाई-प्रोफाइल धोखाधड़ी की साजिश 2025 में शुरू हुई। मधेपुरा के वेस्ट बाईपास रोड (वार्ड नंबर 9) पर रहने वाले ठेकेदार नारायण यादव ने पुलिस को बताया कि उनकी मुलाकात आरोपियों से पंडित प्रदीप मिश्रा की शिव महापुराण कथा के दौरान हुई थी, जो सिंगेश्वर धाम में आयोजित की जा रही थी। उस समय आरोपी एक VIP स्कॉर्पियो गाड़ी से घूम रहे थे, जिस पर एक नकली बोर्ड लगा हुआ था। बोर्ड पर लिखा था, 'प्रधान सचिव-सह-मिशन निदेशक, सामान्य प्रशासन विभाग, बिहार सरकार।'

नकली रसूख दिखाकर जाल में फंसाया

पीड़ित ने बताया कि बाडीगार्ड बने पति सनी कुमार ने कहा था कि गाड़ी के अंदर बैठी महिला (उसकी पत्नी, श्रद्धांजलि देवी) एक बहुत वरिष्ठ IAS अधिकारी है और उसका पति भी एक IAS अधिकारी है। आरोपियों ने पीड़ित को विभिन्न विभागों में फायदेमंद सरकारी ठेके दिलाने का वादा करके अपने जाल में फंसाया। उनके रसूख और सरकारी ओहदे के बारे में किए गए धोखे में आकर, नारायण यादव ने इन सरकारी ठेकों को पाने के बहाने, अलग-अलग किस्तों में कुल 34.74 लाख सनी के बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिए।

पैसे वापस मांगने पर मारपीट

काफी समय बीत जाने के बाद भी जब कोई काम नहीं हुआ, तो नारायण यादव ने अपने पैसे वापस मांगे। आरोप है कि जब सनी राय बाद में मधेपुरा लौटा तो पैसे वापस करने के बजाय उसने पीड़ित को गालियां दीं और उसके साथ मारपीट की। इसके अलावा आरोपी ने पीड़ित का कीमती मोबाइल फोन भी छीन लिया और मौके से फरार हो गया। इस घटना के बाद पीड़ित ने 8 फरवरी को सदर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई।

पटना के बिहटा में गिरफ्तारी

पुलिस अधीक्षक (SP) के निर्देशों पर कार्रवाई करते हुए अनुमंडल पुलिस अधिकारी (SDPO) के नेतृत्व में एक विशेष टीम ने आरोपी की तलाश शुरू की। तकनीकी विश्लेषण और खुफिया जानकारी के आधार पर पुलिस ने सोमवार रात पटना जिले के बिहटा पुलिस स्टेशन क्षेत्र के अंतर्गत दौलतपुर बिलापटोला में छापा मारा और दोनों व्यक्तियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उनके कब्जे से एक लग्जरी कार और चोरी किया गया फोन बरामद किया।

भोजपुर के रहने वाले हैं आरोपी

पुलिस जांच में पता चला कि गिरफ्तार किए गए दोनों व्यक्ति मूल रूप से भोजपुर जिले के पीरो के रहने वाले हैं। SHO विमलेंदु कुमार के अनुसार सनी कुमार राय एक पेशेवर ठग है, जिसके खिलाफ धोखाधड़ी के कई पिछले मामले दर्ज हैं। मधेपुरा के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) प्रवेन्द्र भारती ने बताया कि दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है और पुलिस फिलहाल इस आपराधिक गिरोह से जुड़े अन्य साथियों की जांच कर रही है।