
तेजस्वी यादव -आईजी विकास वैभव
EO Vimal kumar Case: बिहार के रोहतास जिले के डेहरी-डालमियानगर नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी (ईओ) डॉ. विमल कुमार हत्याकांड में पुलिस की जांच पर सवाल उठने लगे हैं। बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि पुलिस पूरे मामले को जल्दबाजी में निष्कर्ष तक पहुंचाकर उसे रफा-दफा करने की कोशिश कर रही है। तेजस्वी यादव ने कहा कि जांच पूरी होने से पहले ही मगध रेंज के आईजी विकास वैभव ने डेहरी विधायक सोनू सिंह को क्लीन चिट कैसे दे दी? उन्होंने कहा कि डॉ. विमल कुमार की पत्नी ने विधायक पर 25 से 50 लाख रुपये तक की रंगदारी मांगने का आरोप लगाया है। इसके बावजूद पुलिस ने अब तक उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज नहीं की है।
तेजस्वी यादव ने चालक मिथिलेश कुमार की पत्नी के बयान का भी हवाला दिया। उन्होंने कहा कि चालक की पत्नी का आरोप है कि पुलिस दबाव बनाकर उनके पति से हत्या में संलिप्तता स्वीकार कराने की कोशिश कर रही है। ऐसे में इस आरोप की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
आईजी विकास वैभव की भूमिका पर सवाल उठाते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि डेहरी विधायक और आईजी एक-दूसरे को लंबे समय से जानते हैं। उनका आरोप है कि विधायक की ओर से आईजी के सामाजिक संस्थान को भी समय-समय पर सहयोग मिलता रहा है। तेजस्वी ने कहा कि यही वजह है कि जांच पूरी होने से पहले ही आईजी ने यह कह दिया कि डॉ. विमल कुमार की हत्या उनके चालक ने की है, जबकि चालक बार-बार अपना बयान बदल रहा था।
उन्होंने सवाल किया कि बिना पूरी जांच के आईजी इस निष्कर्ष पर कैसे पहुंच गए कि हत्या चालक ने ही की है? यदि हत्या लोहे की रॉड से की गई थी, तो वह रॉड अब तक बरामद क्यों नहीं हुई? हालांकि, मामले ने तूल पकड़ने के बाद आईजी विकास वैभव ने एसआईटी का गठन कर जांच के आदेश दिए हैं। तेजस्वी यादव ने यह भी सवाल उठाया कि लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के विधायक सोनू सिंह के खिलाफ अब तक एफआईआर क्यों दर्ज नहीं की गई। उन्होंने कहा कि जब मृतक ईओ की पत्नी विधायक पर 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगने का आरोप लगा रही हैं, तो पुलिस उनके खिलाफ कार्रवाई करने से क्यों बच रही है?
उन्होंने चालक मिथिलेश कुमार की पत्नी के आरोपों की भी निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। तेजस्वी ने कहा कि चालक की पत्नी का आरोप है कि पुलिस उनके पति पर हत्या में संलिप्तता स्वीकार करने का दबाव बना रही है। ऐसे आरोपों की भी गंभीरता से जांच होनी चाहिए।
Updated on:
05 Aug 2026 12:30 pm
Published on:
05 Aug 2026 12:17 pm
