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कर्नाटक चुनाव: जोड़तोड़ में जुटी बीजेपी को कांग्रेस ने सुनाया अटल बिहारी सरकार का किस्सा

कर्नाटक में सरकार बनाने की कोशिश में जुटी बीजेपी को कांग्रेस ने 1998 में बनी अटल सरकार का किस्सा सुनाकर राजधर्म याद दिलाने की कोशिश की है।
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Chandra Prakash Chourasia

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Updated: 15 May 2018, 8:02 PM IST

Randeep Surjewala

नई दिल्ली। कर्नाटक में सत्ता का सिंहासन पाने के लिए बीजेपी और कांग्रेस दोनों आमने-सामने हैं। बीजेपी ने जहां सबसे बड़ी पार्टी होने की दलील देते हुए सरकार बनाने का दावा पेश किया। वहीं कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन ने सबसे ज्यादा सीटों के गठबंधन होने की बात कहकर राज्यपाल से मुलाकात की है। इसी बीच कांग्रेस ने राज्यपाल और बीजेपी को पुराने राजनीतिक हालात और संवैधानिक परंपरा की याद दिलाते हुए संयुक्त गठबंधन को सरकार बनाने के लिए बुलाए जाने की बात कही है।

कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन को स्पष्ट बहुमत
कांग्रेस के मीडिया प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला ने कर्नाटक में सरकार के गठन के मुद्दे पर किए गए सिलसिलेवार ट्वीट संदेशों में कहा है कि कर्नाटक में कांग्रेस और जेडीएस को 95 सीटें मिल चुकी हैं और इन दलों के उम्मीदवार 20 सीटों पर आगे चल रहे हैं। गठबंधन को स्पष्ट बहुमत मिल चुका है। गठबंधन को 56 प्रतिशत वोट मिले हैं।

यह भी पढ़ें: जेडीएस-कांग्रेस का 'डील 12-22', इस फॉर्मूले से कर्नाटक में सरकार बनाने की तैयारी

कांग्रेस ने याद दिलाई 1998 की स्थिति
सुरजेवाला ने कहा कि तत्कालीन राष्ट्रपति के आर नारायणन ने ऐसी स्थिति में उचित एवं संवैधानिक परंपरा स्थापित की थी जब उन्होंने 12 मार्च 1998 में अटल बिहारी वाजपेयी को गठबंधन सरकार का गठन करने के लिए आमंत्रित किया था। राष्ट्रपति ने उस समय एक परिपत्र में कहा था कि जब किसी दल या चुनाव पूर्व गठबंधन को स्पष्ट बहुमत प्राप्त नहीं हुआ हो तो देश में और विदेशों में भी राष्ट्राध्यक्ष सबसे पहले सबसे बड़े दल या उन दलों के समूह को अवसर देता है जिनके पास सबसे ज्यादा सीटें हो और नवनियुक्त प्रधानमंत्री को नियत समय के भीतर बहुमत प्राप्त करने को कहता है।

गोवा, मेघालय और मणिपुर की दिलाई याद
अपने ट्वीट में सुरजेवाला ने कहा कि हाल में ही तीन अवसरों पर बीजेपी ने उसके नेतृत्व वाले गठबंधन के पास बहुमत होने का दावा किया जिसके बाद गोवा, मेघालय और मणिपुर में उसे सरकार का गठन करने के लिए आमंत्रित किया गया और उसकी सरकार बनी। उन्होंने कहा कि इन तीनों राज्यों में बीजेपी ने चुनाव के बाद अन्य दलों के साथ गठबंधन किया था। इसी तरह से कर्नाटक में भी कांग्रेस - जेडीएस गठबंधन को भी सरकार का गठन करने के लिए आमंत्रित करना चाहिए।

जेटली के बयान को भी दिया हवाला
सुरेजवाला ने अपने ट्वीट में तीनों अवसरों पर केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली के बयानों का हवाला दिया जिसमें उन्होंने सबसे ज्यादा सीटों के गठबंधन को आमंत्रित करने को सही ठहराया था।