7 फ़रवरी 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पाकिस्तान चुनाव 2018: इमरान खान की जीत में जानिए मोदी कनेक्शन

पाकिस्तान चुनाव में इमरान खान की बड़ी जीत के पीछे छिपा है मोदी कनेक्शन। जानिए कैसे भारत में भाजपा की तरह पाकिस्तान में भी तहरीक-ए-इंसाफ बनी सबसे बड़ी पार्टी

2 min read
Google source verification
modi imran

पाकिस्तान चुनाव 2018: इमरान खान की जीत में जानिए मोदी कनेक्शन

नई दिल्ली। पाकिस्तान में बुधवार को आम चुनाव के लिए मतदान संपन्न हुआ और इसी के साथ शुरू हो गई मतों की गिनती। हालांकि देर रात तक पूर्व पाकिस्तानी क्रिकेटर इमरान खान की पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) रुझानों में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है, लेकिन इमरान की बड़ी जीत में मोदी का कनेक्शन भी शामिल। कैसे आइए जानते हैं।

अगले 24 घंटों में राजस्थान, मध्य प्रदेश समेत पहाड़ी इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट, दिल्ली-एनसीआर भी बेहाल
मोदी के कदम पर चुनावी चाल
इमरान खान ने अपनी पार्टी की चुनाव इस बार जिन मुद्दों पर लड़ा उनमें से कुछ भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2014 के चुनावी मुद्दों से मेल खाते हैं। ये तो दुनिया मानती है कि पाकिस्तान में भी भारत की तर्ज पर ही चुनावी मुद्दे लगभग समान रहते हैं। शायद यही वजह रही कि मोदी की बड़ी जीत से इमरान खान ने भी सबक लिया है अपने चुनावी मुद्दों पर उनके मुद्दों को शामिल किया।


'न्यू पाकिस्तान' का नारा
ये बात सभी जानते हैं कि भारत में 2014 के आम चुनाव में भाजपा खास तौर पर मोदी ने देश को न्यू इंडिया का नारा दिया...इसी नारे को वे 2019 में भी दोहराने की बात अपने लगभग हर भाषण में भी करते हैं। इसी तर्ज पर इमरान खान ने भी इस बार पाकिस्तान चुनाव में न्यू पाकिस्तान का नारा दिया। अपनी तमाम सभाओं और भाषणों ने इमरान खान ने न्यू पाकिस्तान की परिकल्पना लोगों के सामने रखी। इसमें रोजगार, विकास, स्मार्ट सिटी जैसे मुद्दे प्रमुख रूप से शामिल थे।

पाकिस्तान चुनाव 2018: क्रिकेट के मैदान से सियासी बिसात तक रोचक है इमरान खान का सफर
धर्म के नाम पर बंटोरे वोट
पाकिस्तान के आम चुनाव में इस इमरान खान की पार्टी ने भी धर्म के नाम पर लोगों से वोट बंटोरने का सार्थक कोशिश की। पाकिस्तान में अहमदी समुदाय हमेशा कट्टरपंथी के निशाने पर रहा है. इस समुदाय के एक सदस्य अमीर महमूद ने कहा, "पहले कुछ चरमपंथी हमारे खिलाफ घृणा फैलाते थे लेकिन अब मुख्यधारा की पार्टियां जैसे कि इमरान खान की पार्टी तेहरिक-ए-इंसाफ भी ये काम कर रही है।


यहां हिदूत्व वहां इस्लाम
भारत में जहां भाजपा ने हिंदूत्व के नाम पर चुनाव लड़ा वहीं पाकिस्तान में इस्लाम के नाम पर वोट मांगे गए। इमरान खान की पार्टी के उम्मीदवारों ने पाकिस्तानियों से पूछा कि क्या वे उस पार्टी को वोट देंगे जिसने इस्लाम के लिए अपना पक्ष रखा। नतीजा आज सबके सामने है। जनता ने न सिर्फ उन्हें वोट दिया बल्कि सबसे बड़ी पार्टी का दर्जा भी दे डाला।