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डिप्टी CM एकनाथ शिंदे और ‘ढोंगी’ खरात के बीच 17 फोन कॉल का दावा, CDR खुलासे से महाराष्ट्र में की सियासत में मचा हड़कंप

Ashok Kharat: महाराष्ट्र में CDR खुलासे ने सियासत गरमा दी है। अंजलि दमानिया ने दावा किया है कि दुष्कर्म आरोपी अशोक खरात के संपर्क में एकनाथ शिंदे समेत कई बड़े नेता थे, जिस पर अब राजनीतिक विवाद तेज हो गया है।

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पुणे

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Imran Ansari

Apr 04, 2026

17 calls between rape accused Ashok Kharat and Deputy CM Eknath Shinde

एकनाथ शिंंदे और अशोक खरात की फोटो

Ashok Kharat: महाराष्ट्र की राजनीति में एक बार फिर 'कॉल डिटेल रिकॉर्ड' (CDR) ने भूचाल ला दिया है। सामाजिक कार्यकर्ता अंजलि दमानिया ने सनसनीखेज दावा किया है कि दुष्कर्म के आरोपी ढोंगी बाबा अशोक खरात और राज्य के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे समेत सत्ता पक्ष के कई दिग्गज नेताओं के बीच लगातार फोन पर बातचीत होती थी। दमानिया के इन आरोपों के बाद विपक्षी खेमे में हलचल तेज हो गई है, वहीं सरकार की ओर से सफाई पेश की जा रही है।

अंजलि दमानिया ने एक मराठी समाचार चैनल से बातचीत में दावा किया कि उन्हें एक अज्ञात व्हाट्सएप नंबर से अशोक खरात के कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) मिले हैं। उनके अनुसार, मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और खरात के बीच करीब 17 बार बातचीत हुई, जिसमें सबसे लंबी कॉल 21 मिनट की थी। वहीं, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) की नेता रूपाली चाकणकर और खरात के बीच सबसे अधिक 177 बार बातचीत हुई, जिसकी कुल अवधि 33,727 सेकंड बताई गई। इस विवाद के बढ़ने के बाद रूपाली चाकणकर ने राज्य महिला आयोग के अध्यक्ष पद से इस्तीफा भी दे दिया है।

भाजपा और राकांपा के कई नेता रडार पर

अंजलि दमानिया ने केवल एकनाथ शिंदे ही नहीं, बल्कि भाजपा और राकांपा के अन्य वरिष्ठ नेताओं पर भी अशोक खरात के संपर्क में होने का आरोप लगाया है। उनके मुताबिक, भाजपा नेता चंद्रकांत पाटिल और एनसीपी के सुनील तटकरे के साथ खरात की 8-8 बार बातचीत हुई, जबकि भाजपा के आशीष शेलार के साथ भी एक बार फोन कॉल होने का दावा किया गया है।

'फोन करना अपराध नहीं'

इन आरोपों पर पलटवार करते हुए शिंदे गुट के मंत्री उदय सामंत ने कहा कि किसी व्यक्ति को फोन करना या उससे बात करना कोई अपराध की श्रेणी में नहीं आता। वहीं, भाजपा के वरिष्ठ नेता चंद्रशेखर बावनकुले ने भी दमानिया के दावों को खारिज करते हुए कहा कि अपराधिक जिम्मेदारी तब तय होती है जब किसी अपराध में संलिप्तता साबित हो, केवल मिलने या बात करने से कोई अपराधी नहीं हो जाता।

कौन है अशोक खरात?

अशोक खरात एक स्वघोषित आध्यात्मिक गुरु है, जिसे मार्च में एक महिला की शिकायत के बाद गिरफ्तार किया गया था। महिला ने आरोप लगाया था कि खरात ने पिछले तीन वर्षों में उसके साथ कई बार दुष्कर्म किया। जांच आगे बढ़ने के साथ अब तक उसके खिलाफ कुल 8 एफआईआर (FIR) दर्ज हो चुकी हैं।

दमानिया का सवाल

अंजलि दमानिया ने यह स्पष्ट नहीं किया कि ये फोन कॉल किस समय अवधि के दौरान किए गए थे, लेकिन उन्होंने मांग की है कि एक अपराधी और राज्य के शीर्ष नेतृत्व के बीच इतनी लंबी और बार-बार होने वाली बातचीत की गहन जांच होनी चाहिए।

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