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पुणे में बिहारी मजदूर की दर्दनाक मौत, गुप्तांग में कंप्रेसर की पाइप डालकर पेट में भरी हवा; केस दर्ज

Pune Factory Incident: पुणे के सनासवाड़ी औद्योगिक क्षेत्र में एक फैक्ट्री के भीतर 42 साल के बिहार निवासी मजदूर की दर्दनाक मौत हो गई। पुलिस के अनुसार, सहकर्मी पर आरोप है कि उसने मजदूर के गुप्तांग में कंप्रेसर की हाई-प्रेशर पाइप डाल दी, जिससे पेट में हवा भर गई और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मामले में एफआईआर दर्ज कर जांच जारी है।
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पुणे

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Imran Ansari

Jul 04, 2026

Pune Factory Incident

पुणे में बिहारी मजदूर की दर्दनाक मौत, फोटो सोर्स- AI से बना हुआ प्रतीकात्मक तस्वीर

Pune Labour Death:पुणे जिले के शिरूर तालुका के अंतर्गत आने वाले सनासवाड़ी औद्योगिक क्षेत्र से एक बेहद स्तब्ध करने वाली और दर्दनाक घटना सामने आई है। यहां एक कंपनी में काम करने वाले 42 साल के मजदूर के गुप्तांग (गुदा) में कंप्रेसर का हाई-प्रेशर पाइप डाल दिया गया। पेट में अत्यधिक हवा भर जाने के कारण मजदूर की हालत गंभीर हो गई और अस्पताल में इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। इस खौफनाक मामले में शिकरापुर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

बिहार के रहने वाले थे मृतक मजदूर

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना 30 जून 2026 की सुबह करीब 5 बजे सनासवाड़ी स्थित 'वेस्टर्न इंडिया फोर्ज प्राइवेट लिमिटेड' कंपनी में घटी। मृतक की पहचान 42 वर्षीय नरेश सुलेंद्र यादव के रूप में हुई है, जो मूल रूप से गया (बिहार) के निवासी थे। इस मामले में मृतक के साले संतोषकुमार किशोर यादव (32) ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है।

आरोपी ने की जानलेवा हरकत

शिकायत के मुताबिक, कार्यस्थल पर मौजूद आरोपी बिकीकुमार भाई लाल सरोज ने अचानक नरेश यादव के गुप्तांग में कंप्रेसर की हाई-प्रेशर ट्यूब डाल दी। इसके चलते नरेश के पेट के अंदर हवा का दबाव बेहद बढ़ गया और उनके अंदरूनी अंगों को गंभीर नुकसान पहुंचा। उन्हें तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों के तमाम प्रयासों के बाद भी उन्हें बचाया नहीं जा सका।

सुरक्षा नियमों और कंपनी प्रबंधन पर उठे सवाल

आपको बता दें कि इस हैरान करने वाली घटना ने फैक्ट्रियों और औद्योगिक क्षेत्रों में श्रमिकों की सुरक्षा, उनके आपसी व्यवहार और कार्यस्थल की निगरानी (सुपरविजन) पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मामले की जांच कर रहे सहायक पुलिस निरीक्षक संतोष करांडे ने बताया कि पुलिस आरोपी के इस कदम के पीछे के सटीक कारण और मकसद का पता लगा रही है। साथ ही, इस बात की भी गहनता से जांच की जा रही है कि क्या इस घटना में कंपनी प्रबंधन की ओर से सुरक्षा नियमों के पालन में कोई लापरवाही या ढिलाई बरती गई थी। दोषी पाए जाने पर प्रबंधन के खिलाफ भी कानूनी कदम उठाए जाएंगे।