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Pune News: सीरम इंस्टीट्यूट ने कोविशील्ड वैक्सीन का प्रोडक्शन किया बंद, मौजूदा स्टॉक भी हुआ एक्सपायर; सामने आई ये वजह

महाराष्ट्र के पुणे से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (SII) पुणे ने कोरोना रोधी वैक्सीन कोविशील्ड का उत्पादन बंद कर दिया है। इस बात की जानकारी खुद कंपनी के सीईओ अदर पूनावाला ने दी है।

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Covishield Vaccine

महाराष्ट्र के पुणे से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (SII) पुणे ने कोरोना रोधी वैक्सीन कोविशील्ड का उत्पादन बंद कर दिया है। अदार पूनावाला ने बताया कि एसआईआई ने पिछले साल दिसंबर से कोविशील्ड वैक्सीन का उत्पादन बंद कर दिया है और इस समय मौजूद कुल स्टॉक में से लगभग दस करोड़ खुराक के उपयोग की अवधि खत्म हो चुकी है। यानी ये वैक्सीन एक्सपायरी डेट को पार कर चुकी है।

अदार पूनावाला ने कहा कि कोरोनाअभी तक थका हो या ना थका हो, लेकिन लोग इससे अब थक चुके हैं, इससे जूझते-जूझते ऊब चुके हैं। अब वे भी इसके प्रोडक्शन के लिए बहुत इच्छुक नहीं हैं। लोगों के भीतर से कोरोना का डर लगभग खत्म हो गया है। यह भी पढ़े: Maharashtra News: किसानों को मिला दिवाली का बड़ा तोहफा, शिंदे सरकार ने किया कर्ज माफी का एलान

बता दें कि महाराष्ट्र के पुणे में विकासशील देश टीका निर्माता नेटवर्क (डीसीवीएमएन) की सालाना आम बैठक हुई। इससे बाहर आकर मेडियकर्मियों से बातचीत में पूनावाला ने बताया कि प्रिकॉशनरी डोज यानी एहतियाती खुराक की कोई मांग नहीं है, क्योंकि लोगकोरोना महामारी से पूरी तरह परेशान चुके हैं और उनमें वैक्सीनेशन को लेकर उदासीनता आ गई है।

पूनावाला ने आगे कहा कि पिछले साल दिसंबर से हमने कोविशील्ड का उत्पादन बंद कर दिया। हमारे पास उस समय करोड़ों वैक्सीन का भंडार था, जिनमें से दस करोड़ खुराक के उपयोग की अवधि भी खत्म हो चुकी है। उन्होंने कहा कि एसआईआई के वैक्सीन की मिश्रित खुराक लगाने की इजाजत है।

अदार पूनावाला ने बताया कि अगले दो हफ्तों में कोवोवैक्स को मंजूरी दी जा सकती है। ऐसे में मुझे लगता है कि वे संभवत: एहतियाती वैक्सीन की मिश्रित खुराक लगाने की अनुमति दे देंगे और उन्हें ऐसा करना भी चाहिए। अगर विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) इसकी मंजूरी देता है तो भारतीय नियामक भी इजाजत दे देगा और उसे ऐसा करना भी चाहिए। हालांकि, मौजूदा समय में एहतियाती डोज की कोई डिमांड नहीं है। लोग कोरोना और वैक्सीन से तंग आ चुके हैं। सही बोलू तो मैं भी इससे तंग आ चुका हूं। हम सब तंग आ चुके हैं।