24 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बॉयलर विस्फोट के बाद बोले लोग, रायबरेली में होता एम्स तो मिल जाती बड़ी राहत

NTPC Boiler Blast : प्राथमिक रूप से घायलों की संख्या 80 से 100 के बीच बताई जा रही है।

2 min read
Google source verification
ntpc

रायबरेली. ऊंचाहार में एनटीपीसी के बॉयलर की ऐश पाइप फटने से हुई घटना के बाद जख्मी हुए मजदूरों को इलाज के लिए ले जाने के दौरान अफरातफरी का माहौल देखने को मिला। ज्यादातर घायलों को इलाज के लिए रायबरेली के जिला अस्पताल के लिए भर्ती करवाया गया। स्थानीय लोगों ने बताया कि कुछ गंभीर जख्मी मजदूरों को इलाज के लिए एनटीपीसी प्रबंधन ने अपनी गाड़ियों से लखनऊ के लिए रवाना किया है। घायलों को लेकर स्थिति अभी भी साफ़ नहीं हो सकी है। प्राथमिक रूप से घायलों की संख्या 80 से 100 के बीच बताई जा रही है।

जिला अस्पताल में बेहद अफरातफरी का माहौल है। शासन के निर्देश पर जिले के बड़े अफसर और स्वास्थ्य महकमे के डाक्टर मौके पर हैं। भीड़ काफी होने के कारण घायलों के बारे में परिवार के लोगों को किसी तरह की जानकारी मिलने में मुश्किल हो रही है। इसके साथ ही जिला प्रशासन के पास घायलों के बारे में अभी तक सटीक सूचना नहीं है। इस बीच अस्पताल परिसर में जुटी भीड़ के बीच इस बात की भी चर्चा सुनने को मिली कि यदि रायबरेली में एम्स के निर्माण का काम हो गया होता तो शायद घायलों को समय से बेहतर इलाज उपलब्ध हो पाता।

एम्स को लेकर चर्चा इसलिए भी सुनाई दी क्योंकि ज्यादातर घायलों को लखनऊ के पीजीआई या केजीएमयू भेजने की बात जिला प्रशासन ने कही है। इन सबके बीच कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गाँधी के ओएसडी धीरज श्रीवास्तव, सदर कांग्रेस विधायक अदिति सिंह मौके पर पहुंचे। बड़ी संख्या में भाजपा के पदाधिकारी और कार्यकर्ता भी मौके पर पहुंचे। धीरज श्रीवास्तव ने कहा कि सोनिया गाँधी ने सभी जख्मी लोगों को बेहतर इलाज के लिए पूरी मदद उपलब्ध कराने को कहा है।

यह भी पढ़ें - रायबरेली में बायलर फटने के बाद झुलसे लोगों के इलाज के लिए लखनऊ के अस्पताल अलर्ट

यह भी पढ़ें - बॉयलर फटने के बाद गुस्से में मजदूरों के परिजन, सीआईएसएफ ने प्लांट को घेरा