19 अप्रैल 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Video- रायगढ़ घराने को साबित करनी होगी अपनी क्षमता : विशाल कृष्णा

नर्तक विशाल कृष्णा का कहना था कि बनारस लखनऊ व जयपुर प्रमुख घराना

2 min read
Google source verification
नर्तक विशाल कृष्णा का कहना था कि बनारस लखनऊ व जयपुर प्रमुख घराना

नर्तक विशाल कृष्णा का कहना था कि बनारस लखनऊ व जयपुर प्रमुख घराना

रायगढ़. कथक नृत्य में रायगढ़ घर आने को नाम तो मिल चुका है, लेकिन अभी मुकाम हासिल नहीं हुआ है। मुकाम पाने के लिए रायगढ़ घराने के कलाकारों को इस घराने को प्रूफ करने की आवश्यकता है। यह कहना है बनारस घर आने के विशाल कृष्णा की। नर्तक विशाल कृष्णा चक्रधर समारोह की पहली संध्या कथक नृत्य की प्रस्तुति देने शहर पहुंचे थे। कार्यक्रम से पूर्व दोपहर को एक निजी होटल में उनके साथ वार्ता आयोजित की गई थी।


प्रेस वार्ता के दौरान नर्तक विशाल कृष्णा का कहना था कि बनारस लखनऊ व जयपुर प्रमुख घराना है। इन घरानों के साथ अब रायगढ़ घराने का नाम भी लिया जाता है। कई जगह के मंचों पर रायगढ़ घराने के नाम से प्रस्तुति दी जाती है। इस तरह रायगढ़ घराने को नाम तो मिल चुका है, लेकिन अभी मुकाम नहीं मिला है। इस मुकाम के लिए रायगढ़ घराने के कलाकारों को ही प्रूफ करना पड़ेगा कि यह रायगढ़ कराना है।

Read more : Video- MIC ने बीटी सड़क के प्रस्ताव को नहीं दी स्वीकृति, दर्जन भर से अधिक प्रस्ताव को मंजूरी

कत्थक में चल रहे फ्यूजन केदार को लेकर पूछे गए एक सवाल के जवाब में उनका कहना था कि फ्यूजन दायरे में रहकर किया जाना चाहिए। यदि फिर जनवरी में रहकर किया जाता है तो नृत्य के मूल स्वरूप पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उनके द्वारा भी कई मौकों पर आयोजन किया गया है, लेकिन यह फ्यूजन एक दायरे तक ही सीमित था। मौजूदा दौर में क्लासिकल डांस को लेकर टीवी शो में कई कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं इस सवाल पर उनका कहना था कि यह डांस फॉर्म 4 दिन की चांदनी वाली तर्ज पर है।

फिल्मों में नहीं रुझान

प्रेस वार्ता के दौरान विशाल कृष्णा ने बताया कि उनका फिल्मों की ओर रुझान नहीं है। हालांकि फिल्म इंडस्ट्रीज की ओर से लगातार उनके पास ऑफर आते रहते हैं। वहीं उन्होंने रांझना फिल्म में कोरियोग्राफी भी की है। इसके अलावा कई बार कृष्ण का अभिनय करने के लिए भी ऑफर आए, लेकिन उन्होंने इंकार कर दिया।

दादी से था लगाओ

नर्तक विशाल कृष्णा ने बताया कि उनकी दादी सीतादेवी वाह उनके चाचा गोपीकृष्ण इस कला को आत्मसात करें मुकाम पर पहुंचे हैं। उन्हें इस कला से जुड़ने के लिए दादी से प्रेरणा मिली।