
रायगढ़. लंबे समय से उपेक्षित रामलीला मैदान के दिन अब बहुरने वाले हैं। इस मैदान को 45 लाख रुपए से संवारा जाएगा। इसके लिए नगर निगम आयुक्त ने कलेक्टर को पत्र भेजते हुए डीएमएफ मद से राशि मांगी है। लंबे समय से उठ रही मैदान को संवारने की मांग को देखते हुए नगर निगम ने इसे संवारने का प्रस्ताव तैयार किया है। वहीं इसकी राशि डीएमएफ मद से देने के लिए पत्र भेजा गया है। अधिकारियों का कहना है कि राशि आने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
शहर का रामलीला मैदान लंबे समय से उपेक्षित है। इस मैदान की हालत पर गौर तो शहर का यह प्रमुख रामलीला मैदान कुछ समय पहले व्यवसायिक उपयोग के काम आता था। नगर निगम व जिला प्रशासन के द्वारा यहां व्यवसायिक स्टाल लगाने की अनुमति दी जाती थी। व्यवसायिक आयोजनों के दौरान मैदान में मुरूम की जगह बजरी गिट्टी तो बिछाई जाती है। साथ ही जगह-जगह गड्ढे भी किए जाते हैं। इससे मैदान पूरी तरह से बर्बाद हो जाता था और किसी भी खेल के लायक नहीं रहता। ऐसे में इसे खेलने के लायक बनाने के लिए खिलाडिय़ों को ही प्रयास करना पड़ता है।
इस तरह खिलाड़ी खेल में जिनती मेहनत नहीं करते, उतना मेहनत उन्हें मैदान को संवारने में किया जाता है। लगातार हो रहे व्यवसायिक उपयोग को देखते हुए खिलाडिय़ों ने इसका विरोध किया। वहीं जब भी मैदान को व्यवसायिक उपयोग की अनुमति दी जाती, खिलाडिय़ों के द्वारा इसका विरोध किया गया। ऐसे में निगम के द्वारा मैदान पर मैदान पर व्यवसायिक उपयोग की अनुमति देना बंद कर दिया। इसके अलावा मैदान को जीर्णोद्धार किए जाने की मांग भी की जाती रही। लगातार उठ रही इस मांग को लेकर नगर निगम ने मैदान का जीर्णोद्धार करने के लिए प्रस्ताव तैयार किया है।
निगम के द्वारा बनाए गए प्रस्ताव पर गौर करे तो यहां 45 लाख 15 हजार रुपए खर्च किया जाना है। इस राशि को लेकर निगम आयुक्त ने कलेक्टर को पत्र भेजा है। इसमें मैदान संवारने के लिए डीएमएफ मद से राशि दिए जाने की मांग की गई है।
सड़क पर खेल का प्रदर्शन कर जताया था विरोध
खिलाडिय़ों के द्वारा मैदान को खेल युक्त बनाने के लिए लंबे समय से मांग की गई। वहीं इस मांग को लेकर समय-समय पर विरोध भी जताया गया। वहीं जब जिला प्रशासन व नगर निगम के द्वारा खिलाडिय़ों की मांग को लेकर नजर अंदाज किया गया तब खिलाडिय़ों ने रामलीला मैदान के पास ही घड़ी चौक मुख्य मार्ग पर सांकेतिक विरोध दर्ज कराया। इसमें खिलाडिय़ों के द्वारा सड़क पर फुटबाल व क्रिकेट खेला गया था।
शहर के प्रत्येक मैदानों को संवारने की आवश्यकता है। खिलाडिय़ों के द्वारा रामलीला मैदान को संवारने के लिए कई आवेदन दिए गए। इसके बाद भी लंबे समय तक मैदान उपेक्षित ही है। अब जाकर नगर निगम मैदान को संवारने के लिए राशि की मांग कर रही है। यह काफी पहले किया जाना है। हालांकि मैदान संवारने का यह प्रयास स्वागत योग्य है- शाखा यादव, पार्षद, कांग्रेस
Published on:
24 Apr 2018 03:03 pm
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