
महतारी वंदन योजना (Photo - DPR chhattisgarh )
Mahtari Vandan Yojana: ई-केवाइसी नहीं होने के चलते जिले की सैंकड़ों महिला को महतारी वंदन योजना का लाभ नहीं मिल रहा। मिली जानकारी अनुसार अगस्त 2025 में जिले में ऐसी 14 हजार महिलाओं की सूची सामने आई थी, जिन्हें ई-केवाईसी के लिए निर्देशित किया गया।
ऐसी महिलाओं के संबंधित मोबाइल नंबर में सीधे मैसेज के माध्यम से इसकी जानकारी दी गई, इसके अलावा आंगनबाडिय़ों में भी ऐसी महिलाओं की सूची भेजी गई। इसके बाद अब तक 82 फीसदी महिलाओं का ई-केवाईसी करा लिया गया है, जिनका ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई है, उन महिलाओं को योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
मिली जानकारी अनुसार, कुछ महिलाएं ऐसी हैं, जो मृत हो चुकी है। कुछ ऐसी हैं, जो ई-केवाईसी कराने में ध्यान नहीं दे रहीं। वहीं कुछ महिलाएं ऐसी है, जिन्होंने अपना बैंक खाता ही बंद करा दिया है, तो कुछ को ई-केवाईसी कराने में तकनीकी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ये महिलाएं आंगनबाड़ी और सीएससी सेंटरों का चक्कर काट रहीं हैं। महतारी वंदन की राशि नहीं मिलने से उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
बता दें कि भारतीय जनता पार्टी की घोषणा अनुसार प्रदेशभर की लाखों महिलाओं को महतारी वंदन योजना के तहत हर महीने एक हजार रुपए की राशि सीधे उनके खाते में राज्य सरकार द्वारा जमा कराई जा रही है। महिलाओं को काफी मदद मिल रही है, तकनीकी समस्याओं के चलते राशि अटक गई है।
महिलाओं का डीबीटी माध्यम से महतारी वंदन योजना की राशि सीधे उनके खातों में आती है। ई-केवाईसी के लिए जिले की 14 हजार महिलाओं के नाम की सूची आई थी, जिनमें से 82 फीसदी महिलाओं का ई-केवाईसी कराया जा चुका है, बाकी का भी करा रहे हैं। - गुरप्रीत कौर, परियोजना अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग
Updated on:
13 Dec 2025 11:03 am
Published on:
13 Dec 2025 11:03 am
