
आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन ने डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल की है। इसके तहत स्कैन एंड रजिस्टर सेवा (Scan and Register Service) ने 25 करोड़ ओपीडी पंजीकरण का आंकड़ा पार कर लिया है। इसमें छत्तीसगढ़ की राजधानी स्थित एम्स रायपुर (AIIMS Raipur) 18 लाख से अधिक डिजिटल ओपीडी पंजीकरण के साथ देश में पांचवें स्थान पर है।
अक्टूबर 2022 में आरंभ हुई स्कैन और रजिस्टर सेवा छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) समेत 36 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों तथा 756 जिलों में 30800 स्वास्थ्य केंद्रों में संचालित है। इनमें से 24323 सरकारी और 6481 निजी स्वास्थ्य केंद्र हैं। औसतन रोजाना लगभग 4 लाख मरीज़ ओपीडी पंजीकरण के लिए स्कैन और रजिस्टर सेवा का उपयोग कर रहे हैं।
स्कैन एंड रजिस्टर सेवा ने अस्पतालों में ओपीडी पंजीकरण प्रक्रिया आसान और तेज बना दी है। मरीज अब अस्पताल पहुंचकर केवल क्यूआर कोड (QR Code) स्कैन कर डिजिटल पंजीकरण करा सकते हैं। इससे मानव पंजीकरण या कागज़ आधारित फॉर्म की आवश्यकता के बिना तत्काल ओपीडी पंजीकरण हो जाता है। इससे लंबी कतारों से राहत के साथ समय की भी बचत हो रही है।
स्कैन एंड रजिस्टर सुविधा से मरीज़ संबंधित स्वास्थ्य केंद्रों पर प्रदर्शित विशिष्टक्यूआर कोड को किसी भी आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (Ayushman Bharat Digital Mission)-सक्षम व्यक्तिगत स्वास्थ्य रिकॉर्ड (पीएचआर) एप्लिकेशन के उपयोग से स्कैन कर सकते हैं। सहमति के बाद मरीज़ सुरक्षित रूप से अपना आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता-आभा प्रोफाइल स्वास्थ्य केंद्र के साथ साझा कर सकते हैं।
डिजिटल ओपीडी पंजीकरण यहां पर
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (All India Institute of Medical Sciences), केंद्रीय सरकारी अस्पताल, राज्यों के सरकारी मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल, उप-जिला अस्पताल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, विशेषज्ञ अस्पताल, ट्रस्ट अस्पताल, ईएसआईसी अस्पताल, रेलवे अस्पताल।
स्कैन एवं रजिस्टर नामांकन में अग्रणी राज्य
1. बिहार- 7.30 करोड़
2. उत्तरप्रदेश- 4.09 करोड़
3. आंध्रप्रदेश- 3.38 करोड़
4. जम्मू-कश्मीर- 1.39 करोड़
ये चिकित्सा संस्थान पंजीकरण में शीर्ष पर
1. एम्स नई दिल्ली- 54.29 लाख
2. एम्स भोपाल- 29.10 लाख
3. एम्स भुवनेश्वर- 23.93 लाख
4. एम्स पटना- 19.62 लाख
5. एम्स रायपुर- 18.63 लाख
वर्जन...
स्कैन एंड रजिस्टर द्वारा ओपीडी में 25 करोड़ से अधिक पंजीकरण भारत के डिजिटल हैल्थ सिस्टम में लोगों के बढ़ते भरोसे को दर्शाता है। ओपीडी पंजीकरण प्रक्रिया के सरलीकरण ने मरीजों की सुविधा काफी बढ़ा दी है। इससे स्वास्थ्य दक्षता में भी सुधार हुआ है। यह उपलब्धि आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन की परिवर्तनकारी क्षमता दर्शाती है। - डॉ. सुनील कुमार बरनवाल, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण नई दिल्ली
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Updated on:
08 Aug 2026 03:36 am
Published on:
08 Aug 2026 03:36 am
