
CG News: मशीन–उपकरण खरीदी अटकी! 250 फाइलें धूल में दबीं, अस्पतालों की जरूरतें अधर में...(photo-patrika)
CG News: छत्तीसगढ़ के रायपुर में चिकित्सा शिक्षा संचालनालय में 250 से अधिक फाइलें ’वेंटिलेटर’ पर हैं। इस कारण मरीजों के लिए जरूरी मशीनें और उपकरण नहीं खरीदे जा सके हैं। दरअसल में मरीजों के इलाज व सुविधा से जुड़ी यह फाइलें पिछले 8 माह से संचालनालय में धूल खा रही हैं। इसका कारण है कि कमिश्नर कार्यालय से अनुमति नहीं मिलने के कारण कॉलेज व इससे संबद्ध अस्पताल प्रबंधन टेंडर नहीं कर पा रहा है।
सोमवार को नेहरू मेडिकल कॉलेज में हुई स्वशासी समिति की बैठक में स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल ने फाइलें अटकाने पर नाराजगी जताई थी। उन्होंने कमिश्नर समेत अन्य अधिकारियों को दो दिन में फाइलें निपटाने को कहा था। ऐसा नहीं करने पर कार्रवाई के लिए तैयार रहने को कहा था।
25 वेंटीलेटर खरीदने के लिए डीकेएस से भेजी फाइल, 3 माह से डंप: डीकेएस अस्पताल ने तीन माह पहले 25 नए वेंटीलेटर खरीदने के लिए टेंडर की अनुमति के लिए फाइल सीएमई कार्यालय भेजी थी। इसे अभी तक अप्रूवल नहीं मिला है।
कमिश्नर मेडिकल एजुकेशन कार्यालय ने 31 जुलाई को एक आदेश में सभी डीन, अधीक्षक, प्राचार्य को टेंडर निकालने के पहले कमिश्नर से अनुमति लेने को कहा था। ऐसा नहीं करने पर टेंडर निरस्त करने की बात कही गई थी। यही कारण है कि अस्पतालों को टेंडर के पहले फाइलें कमिश्नर कार्यालय को भेजनी पड़ रहीं हैं।
डीन मेडिकल कॉलेज डॉ. केके सहारे ने कहा की कोरबा इक्विपमेंट, हाउसकीपिंग संबंधी कुछ फाइलें 5 से 8 माह से अटकी हुई हैं। इससे काम प्रभावित होता है। रिमाइंडर भी भेज रहे हैं। डीन सिस बिलासपुर डॉ. रमनेश मूर्ति ने कहा की कुछ फाइलें अटकती हैं तो रिमाइंडर के बाद अप्रूवल भी मिल जाता है। कई मामलों को हाईकोर्ट के संज्ञान लेने के बाद काम में सुधार है।
Updated on:
20 Nov 2025 01:42 pm
Published on:
20 Nov 2025 01:42 pm
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