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पति ने की थी हैवानियत की हद पार, पहले पत्नी फिर दो बच्चों को उतार दिया था मौत के घाट

मामूली विवाद में सिरफिरे पति पर इस कदर गुस्सा हावी हुआ कि उसने अपने पत्नी और दो मासूम बच्चों की बेरहमी से हत्या कर दी थी।

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sentenced to death

सिरफिरे पति के नहीं कांपे हाथ, पहले पत्नी फिर बच्चों को उतार दिया था मौत के घाट

रायपुर . छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में पत्नी और दो मासूम बच्चों की हत्या की वारदात ने सनसनी फैला दी थी, इस मामले में कोर्ट ने आरोपी पति को फांसी की सजा दी। दरअसल, तीन साल पहले घरेलू विवाद में एसईसीएल के पंप कॉलोनी में पत्नी, पुत्र और बेटी की हत्या करने वाले शंकर हलधर (45) को अपर जिला एवं सत्र न्यायालय ने शुक्रवार को फांसी की सजा सुनाई है।

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कोर्ट का फैसला सुनते ही पुलिस ने शंकर को पकड़ लिया। उसे पुलिस अभिरक्षा में सजा के लिए जेल भेज दिया गया।लोक अभियोजन अधिकारी रंजना दत्ता ने बताया कि शंकर ने 1 सितंबर, 2014 की रात पत्नी साधना उम्र 32 साल, आठ साल के पुत्र कुणाल और 13 साल की बेटी नेहा की धारदार हथियार से मारकर हत्या कर दी थी।

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पुलिस ने तीनों की हत्या के आरोप में शंकर को गिरफ्तार किया था। उसके खिलाफ हत्या का केस कोरबा की कोर्ट में चल रहा था। शुक्रवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायालय के न्यायाधीश प्रवीण कुमार प्रधान ने शंकर को पत्नी, बेटा और बेटी की नृशंस हत्या का दोषी माना। कोर्ट का फैसला सुनते ही पुलिस ने शंकर को पकड़ लिया। उसे पुलिस अभिरक्षा में सजा के लिए जेल भेज दिया गया।

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परिवारिक विवाद थी वजह
घटना का कारण पारिवारिक विवाद बताया गया है। शंकर कैंसर का मरीज है। पति-पत्नी के बीच एक सितंबर की रात पैसे को लेकर विवाद हुआ था। उस दिन गणेश चतुर्थी का पर्व था। शंकर धारदार हथियार लेकर बस्ती के बीच लहराते हुए पत्नी के पास पहुंचा। पत्नी के सिर और शरीर पर कई बार हमला किया था। उसने दोनों बच्चों को भी मौत के घाट उतार दिया। पुलिस ने घेराबंदी करके शंकर को पकड़ लिया था।