
फाइल फोटो
Makar Sankranti 2026: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मकर संक्रांति पर्व के अवसर पर प्रदेशवासियों से पतंगों के इस उल्लासपूर्ण पर्व को सुरक्षित, जिम्मेदार और पारंपरिक हर्षोल्लास के साथ मनाने की अपील की है। उन्होंने कहा है कि त्योहार के आसपास चीनी मांझा से होने वाली दुर्घटनाओं की खबरें अत्यंत चिंताजनक हैं, इसलिए इसका प्रयोग पूरी तरह से वर्जित है।
मुख्यमंत्री साय ने स्पष्ट किया कि चीनी मांझा प्रतिबंधित है और इसका उपयोग न केवल कानूनन अपराध है, बल्कि यह आमजन, पक्षियों और राहगीरों के लिए भी गंभीर खतरा बनता है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस संबंध में संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि प्रतिबंध का कड़ाई से पालन कराया जाए।
साय ने यह भी निर्देशित किया है कि चीनी मांझा के खिलाफ व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाया जाए, ताकि नागरिकों को इसके खतरों और कानूनी प्रावधानों की पूरी जानकारी मिल सके। मकर संक्रांति के इस पावन अवसर पर परंपरा, आनंद और सुरक्षा तीनों का संतुलन बनाए रखें। उन्होंने सभी को मिलकर इस पर्व को हर्ष, सौहार्द और जिम्मेदारी के साथ मनाने की अपील की।
चाइनीज मांझा दरअसल सामान्य सूती धागा नहीं होता। इसे नायलॉन या सिंथेटिक फाइबर से तैयार किया जाता है, जिस पर कांच का बारीक चूरा, केमिकल पाउडर और गोंद मिलाकर लेप चढ़ाया जाता है। कई मामलों में इसे और धारदार बनाने के लिए धातु कणों तक का प्रयोग किया जाता है। यही वजह है कि यह मांझा बेहद मजबूत और तेज धार वाला हो जाता है, जो सामान्य सूती मांझे की तुलना में कई गुना ज्यादा खतरनाक है।
Updated on:
12 Jan 2026 07:46 pm
Published on:
12 Jan 2026 07:46 pm
