
एक ही दिन में पकड़े 100 मवेशी
Chhattisgarh News: रायपुर। राजधानी में आवारा सांड के हमले में एक वृद्धा की मौत की खबर से पूरा शहर सकते में है। इस मामले में दायर जनहित याचिका के बाद बिलासपुर हाईकोर्ट के जजों की एक टीम 6 अगस्त को सड़कों पर मवेशियों की झुंड देखने के लिए राजधानी आ रही है। इसे देखते हुए जिला और निगम प्रशासन के अफसरों ने मवेशियों को पकडऩे के लिए दिन रात एक कर दिया है।
शुक्रवार को निगम का काऊकेचर दिन और रात में शहर की सड़कों पर निकला और करीब 100 मवेशियों को गोठानों में भेजा, जिसमें सांड भी शामिल थे। वहीं कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर भुरे ने अफसरों की बैठक ली और पशु मालिकों से 1 हजार जुर्माना और एफआईआर कराने का भी फरमान जारी किया।
बता दें कि सड़कों पर मवेशियों की झुंड से हो रही दुर्घटनाओं को लेकर हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई है। इस मामले में कोर्ट ने एक सप्ताह के अंदर मुख्य सचिव से जवाब प्रस्तुत करने का आदेश दिया है। इसके साथ ही जजों की एक टीम रायपुर राजधानी का जायजा लेने के लिए आ रही है। इसे लेकर प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है। क्योंकि, हाल में खमतराई क्षेत्र में सांड द्वारा हमला (Raipur News) कर दिए जाने से एक महिला की मौत हो गई।
दोबारा 5 हजार जुर्माना, हेल्पलाइन होगा जारी
कोर्ट के निर्देश और आवारा मवेशियों के कारण दुर्घटनाओं के मद्देनजर जिला प्रशासन ने सख्त फरमान जारी किया है। पशुपालकों को चेताया गया है कि यदि दोबारा सड़क पर गाय, बछिया-बछड़े मिले तो पांच हजार रुपए जुर्माना लिया जाएगा। कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे ने बैठक में आदेश जारी कर ग्राम पंचायत के सचिव को इस कार्य के लिए अधिकृत किया है। कलेक्टर ने इस समस्या के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी करने के निर्देश दिए हैं।
मवेशियों को पकड़ने निगम ने बनाई टीम
निगम आयुक्त मयंक चतुर्वेदी ने सड़कों से मवेशियों को पकडऩे के लिए दो पालियों की टीम बनाई है। पहले दिन शुक्रवार को सुबह और शाम तक लगभग 100 से अधिक आवारा पशुओं की धरपकड़ की गई। निगम क्षेत्र की सड़कों को आवारा पशुओं से मुक्त करने प्रतिदिन सुबह 6 बजे (CG Hindi News) से दोपहर 2 बजे तक एवं दोपहर 2 बजे से रात्रि 10 बजे तक अभियान जारी रखने की बात कही है।
इन इलाकों में हादसे
एनएचएआई और जिला प्रशासन द्वारा जिले के विभिन्न हाईवे में दुर्घटनाजन्य स्थान चिन्हित किए गए हैं। इनमें सेरीखेड़ी, संतोषी नगर, सिलतरा, पारागांव-आरंग, चरौदा, उरला, फुंडहर, अभनपुर और टाटीबंध इत्यादि शामिल है। इनके सहित हाईवे में अन्य स्थानों पर घूमने वाले आवारा पशुओं को संयुक्त दल द्वारा हटाया जाएगा।
रेडियम-टैन्डिंग जारी
बैठक में पशुपालन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि रेडिय़म बेल्ट और टैङ्क्षगग लगाने में रायपुर जिला प्रथम स्थान पर है। जिले में अब तक 1769 आवारा पशुओं को रेडियम बेल्ट लगाया गया है और 1406 पशुओं में टैङ्क्षगग की गई है। साथ ही 8687 पशु को गोशाला और गोठानों में शिफ्ट किए गए हैं।
Published on:
05 Aug 2023 12:26 pm
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