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युवती बढ़ाना चाहती थी अपना ड्रग्स कारोबार, पुलिस ने मोबाइल चैट से किये कई खुलासे

आशीष जोशी और निकिता पंचाल की मुलाकात एक पब में हुई थी। उसके बाद दोनों बीच दोस्ती हो गई और दोनों एक साथ रहने लगे। आशीष जोशी के साथ मिलकर निकिता छोटी-मोटी पार्टी आयोजित करती थी। पार्टी में निकिता सिर्फ ड्रग्स लेने वालों ग्राहकों की संख्या को बढ़ाने का काम करती थी। निकिता नए ग्राहकों से सीधे डीलिंग करती थी।

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Nikita (Photo - social media)

रायपुर। राजधानी में ड्रग्स कनेक्शन (Chhattisgarh drug connection ) के तार परत दर परत खुलते जा रहे हैं। पुलिस की गिरफ्त में आई इंजीनियर निकिता पंचाल के मोबाइल से पुलिस को कई अहम सुराग हाथ लगे हैं। निकिता ने करीब चार से पांच बार मुंबई और गोवा जाकर ड्रग्स (Chhattisgarh drug case ) खरीदी थी। उसके मोबाइल से 12 से अधिक युवतियों के नाम मिले हैं, जो निकिता से साथ ड्रग्स पार्टी में शामिल होती थीं। ड्रग्स तस्करी के भंडाफोड के बाद इनमें से कुछ युवतियां छत्तीसगढ़ से भाग गई हैं। पुलिस इनकी जानकारी जुटा रही है। वहीं, दूसरी तरफ इस मामले में कोतवाली पुलिस ने दो ड्रग्स पैडलर्स (Chhattisgarh drug case ) को गिरफ्तार किया है। इसमें से एक युवक कांग्रेस पार्टी के बड़े नेता का भतीजा बताया जा रहा है।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय यादव ने बताया कि आशीष जोशी और निकिता पंचाल की मुलाकात एक पब में हुई थी। उसके बाद दोनों बीच दोस्ती हो गई और दोनों एक साथ रहने लगे। आशीष जोशी के साथ मिलकर निकिता छोटी-मोटी पार्टी आयोजित करती थी। पार्टी में निकिता सिर्फ ड्रग्स लेने वालों ग्राहकों (Raipur drug connection) की संख्या को बढ़ाने का काम करती थी। निकिता नए ग्राहकों से सीधे डीलिंग करती थी। निकिता के मोबाइल चैट से हुए खुलासे से जानकारी मिली है कि वह राजधानी में पिछले डेढ़ साल से यह काम करती थी। निकिता नेटवर्किंग कंपनी (Chhattisgarh drug case ) की तरह ग्राहकों की चेन बनाने का काम करती थी। आशीष की गिरफ्तारी के बाद भी निकिता इतनी वेफिक्र थी कि उसने अपने मोबाइल से कोई डाटा डिलीट नहीं किया, जिससे पुलिस को काफी मदद मिल रही है।

ग्राहक देखकर तय करते थे कीमत
ड्रग्स (Chhattisgarh drug case ) की एक पुड़िया करीब 10 हजार रुपये में बेची जाती थी। मगर, निकिता से पूछताछ में सामने आया है कि वह ग्राहक और आयोजित पार्टी का स्टेट्स देखकर ड्रग्स के दाम तय करती थी। पार्टी में लड़कियों को छूट दी जाती थी। पुलिस सूत्रों की मानें, तो लड़कों को यदि दस हजार में कोकीन की सप्लाई (Chhattisgarh drug case) की जाती थी, तो लड़कियों को आधे दाम पर कोकीन मिलता था। नए ग्राहकों को भी कम कीमत में ड्रग्स दी जाती थी। और यह बात भी सामने आई कि वह चार-पांच बार ड्रग्स खरीदने के लिए मुंबई और गोवा जा चुकी है। गोवा से निकिता सीधे मुंबई जाती थी। वह ड्रग्स खरीदने के लिए फ्लाइट से जाती थी और सड़क मार्ग से वापस आती थी, जिससे किसी को शक नहीं होता था। गोवा से आकर रायपुर, बिलासपुर और भिलाई में ड्रग्स तस्करी करती थी।

पुलिस की टीम जल्द जाएगी गोवा
पुलिस अधिकारी ने बताया कि मामले की तह तक पहुंचने के लिए जांच कर रही है। पुलिस की एक टीम जल्द ही गोवा जाएगी। वहां जाकर पता किया जाएगा कि आरोपित गोवा में किससे और कहां से ड्रग्स खरीदते थे। ड्रग्स के तार कहां से जुड़े हैं। पुलिस का दावा है कि गोवा में ड्रग्स की सप्लाई करने वालों को भी गिरफ्तार किया जाएगा। इसके साथ ही घटना के बाद से फरार आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए भी अलग टीम गठित कर दी गई है।

ग्राहक बढ़ाने की जल्दबाजी में चढ़े हत्थे
पुलिस का कहना है कि निकिता ड्रग्स का कारोबार (Raipur drug connection) बढ़ाना चाहती थी। वह लगातार नए ग्राहकों की तलाश में रहती थी। हालांकि, नए ग्राहकों को ड्रग्स देने का काम चेन सिस्टम से ही किया जाता था। आशीष के साथ राजधानी के आउटर में निकिता पार्टी आयोजित करती थी, जिसमें गिने-चुने लोग ही आते थे। नशेबाज अपने दोस्तों को लेकर आते और इस तरह धीरे-धीरे पार्टी में शामिल होने वालों की संख्या बढ़ने लगी थी। हर बार पार्टी की जगह बदल दी जाती थी।