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रायपुर. स्कूल शिक्षा विभाग (Chhattisgarh School Education Department) के अधिकारियों की सख्ती के बावजूद राजधानी के निजी स्कूलों की मनमानी कम होने का नाम नहीं ले रही है। स्कूल शिक्षा विभाग के अधिकारियों के पास सड्डू इलाके में संचालित निजी स्कूल की शिकायत पहुंची है।
स्थानीय पार्षद और परिजनों ने स्कूल प्रबंधन पर आरोप लगाया है कि प्रबंधन फीस जमा नहीं करने के एवज में बच्चों को परीक्षा से बाहर करने की धमकी दे रहा है। मामले की लिखित शिकायत नहीं आने पर अफसरों ने मामला अभी संज्ञान में नहीं लिया है। स्कूल शिक्षा विभाग के जिम्मेदारों का कहना है कि मामले में लिखित शिकायत आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
शुक्रवार को शुरू हुआ था विवाद
कोरोना काल के बीच हाईकोर्ट ने निजी स्कूलों को छात्रों से केवल ट्यूशन फीस लेने का निर्देश जारी किया है। हाईकोर्ट के इस निर्देश का फायदा उठाते हुए, राजधानी के कुछ निजी स्कूल शत-प्रतिशत फीस मांग रहे हैं और फीस नहीं भरने वाले छात्रों को ऑनलाइन क्लास से वंचित कर रहे थे।
स्कूल शिक्षा विभाग के जिम्मेदारों ने मामले की जानकारी मिलने पर निजी स्कूलों को फटकार लगाई, तो फीस लेने मना कर दिया। पिछले दिनों सड्डू इलाके में संचालित निजी स्कूल ने फीस जमा नहीं करने वाले छात्रों को परीक्षा से बाहर करने की धमकी दी है। परिजनों ने मामले की शिकायत पहले स्थानीय पार्षद और फिर मौखिक रूप से स्कूल शिक्षा विभाग के अधिकारियों को की है।
बच्चों के भविष्य बर्बाद होने का डर
कोरोना काल में आय कम होने की वजह से पालक शत प्रतिशत फीस जमा करने में असफल है। पालकों को कहना है, कि बीच सत्र में स्कूल प्रबंधन यदि बच्चों को बाहर कर देगा, तो उनका भविष्य बर्बाद हो जाएगा। पालकों ने ट्यूशन फीस मांगने पर फीस जमा करने की बात कही है।
रायपुर जिला शिक्षा अधिकारी जीआर चंद्राकर ने कहा, सड्डू इलाके में संचालित स्कूल की शिकायत आपके माध्यम से हम तक पहुंची है। पालकों ने लिखित रूप से अब तक मामले में शिकायत नहीं की है। लिखित शिकायत आने पर स्कूल के खिलाफ जांच कराई जाएगी और मामलें में दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी।
Published on:
02 Nov 2020 01:24 pm
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