
Ration Card: आचार संहिता खत्म होने के बाद अब वार्डों में नए राशन कार्ड बांटना शुरू कराया गया है। परंतु हैरानी ये कि नवीनीकरण के बाद कई लोगों के राशन कार्ड नहीं बनने का मामला सामने आया है। इससे लोग परेशान हो रहे हैं। राशन कार्ड के लिए पहले लाइन में लगने कहा जाता है, जब बारी आती है तब बताया जाता है, कि उस व्यक्ति के नाम का राशन कार्ड अभी बनकर ही नहीं आया।
इस मामले को लेकर नगर निगम में नेता प्रतिपक्ष मीनल चौबे ने आधी-अधूरी तैयारी के साथ राशन कार्ड वितरण पर सवाल उठाया है। उनका कहना है कि निगम के अधिकारियों ने नए राशन कार्ड बंटने की सूचना दी गई है, परंतु वार्ड में पहले जितने राशन कार्ड बने हुए थे, उसका जोनों में मिलान ही नहीं किया गया। बांटने में भी सिर्फ एक या दो कर्मचारी लगाए गए हैं। इस वजह से लोग ज्यादा परेशान हैं। उन्होंने यह बताया कि पहले लोगों को लाइन में लगवाया जाता है, जब किसी व्यक्ति की बारी आती है, तब यह कह दिया जाता है कि उसके नाम का राशन कार्ड अभी आया नहीं।
नगर निगम के 70 वार्डों के लोगों के राशन कार्ड का नवीनीकरण लोकसभा चुनाव आचार संहिता से पहले किया गया था। परंतु वितरण नहीं हो पाया था। नेता प्रतिपक्ष मीनल चौबे ने आरोप लगाया है कि आधी अधूरी तैयारियों के साथ राशनकार्ड का वितरण बंद किया जाए। क्योंकि वास्तविकता यह है कि आधे से अधिक राशनकार्ड अभी खाद्य विभाग से बनकर ही नहीं आए हैं।
अधिकारियों के अनुसार, नए राशनकार्ड का पीडीएफ पेन ड्राइव में दे दिया गया है। इसे नगर निगम के जोनों में उसे प्रिंट कराना, कवर लगाना, स्टेपलर करना, सील लगाना तथा उसे क्रमवार जमा कर वितरण किया जाना है। परंतु इसका पालन ही नहीं किया जा रहा है। उन्होंने निगम आयुक्त से तत्काल निराकरण कराने की मांग की है।
Updated on:
23 Jun 2024 08:24 am
Published on:
23 Jun 2024 08:24 am
