
ED Raid in Chhattisgarh:ईडी ने कस्टम मिलिंग घोटाले की जांच करने के लिए राजनांदगांव जिला राइस मिल एसोशिएसन के कोषाध्यक्ष संतोष अग्रवाल के दफ्तर और मिल में छापे मारे। इस समय छुरिया (चिचोला) में राइस मिल और राजनांदगांव के अनुपमनगर स्थित घर में तलाशी कर रही है। ईडी की 7 सदस्यीय टीम पिछले 4 साल में हुए लेनदेन के दस्तावेजों, स्टॉक और कस्टम मिलिंग और डिलिवरी ऑर्डर (डीओ) की जांच कर रही है। साथ ही इसे जांच के लिए जब्त करने की कार्रवाई चल रही है।
बताया जाता है कि राजनांदगांव क्षेत्र के राइस मिलरों से 20 रुपए प्रति क्विंटल वसूली की जिम्मेदारी एसोसिएशन के अध्यक्ष मनोज अग्रवाल और इसका हिसाब संतोष अग्रवाल द्वारा रखा जाता था। इसकी रकम मिलने के बाद सूची मार्कफेड के तत्कालीन एमडी मनोज सोनी और मुख्यालय में भेजा जाता था। इसके बाद संबंधित राइस मिलरों को भुगतान किया जाता था। पिछले दिनों रायपुर, राजनांदगांव एवं डोगरगढ़ में छापेमारी के दौरान मिले इनपुट के आधार पर छापामारा गया है। हालांकि छापे में क्या मिला इसका खुलासा नहीं किया गया है।
कस्टम मिलिंग घोटाले में राइस मिल एसोशिएसन के पूर्व अध्यक्ष सहित सभी जिलों के पदाधिकारियों को ईडी ने राडार पर लिया है। इसकी जांच करने लगातार सभी जिलों में दबिश दी जा रही है। साथ ही उनके ठिकानों से पुराने दस्तावेजों को जांच के लिए जब्त किया जा रहा है। बता दें कि पिछले सप्ताहभर में रायपुर के एक बड़े राइस मिलर, खरोरा, महासमुंद, कोरबा, बिलासपुर, दुर्ग के दजर्नभर राइस मिलरों के ठिकानों की तलाशी ली गई है। साथ ही छापे की जद में आने वाले राइस मिलरों, वहां काम करने वाले कर्मचारियों का बयान लिया गया है। इस प्रकरण में मार्कफेड के पूर्व एमडी मनोज सोनी और राइस मिल एसोशिएशन के पूर्व कोषाध्यक्ष रोशन चंद्राकर को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है।
Updated on:
14 Jun 2024 08:48 am
Published on:
14 Jun 2024 08:48 am
