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Breaking News : गढ़चिरौली में नक्सली तांडव, मुखबिरी के शक में कोटवार की हत्या कर लाश चौराहे पर फेंका

गढ़चिरौली से मिली जानकारी के अनुसार कोटवार रमेश रामटेके उम्र लगभग 40 वर्ष के घर में 15 से 20 सशस्त्र नक्सली पहुुंचे और उसे उठाकर ले गए।
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राजनंदगांव

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Dakshi Sahu

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Updated: 30 Nov 2017, 2:21 PM IST

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राजनांदगांव. छत्तीसगढ़ की सीमा से लगे महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में नक्सलियों की हरकतें थमने का नाम नहीं ले रही हैं। पिछले करीब दस दिनों में तीन ग्रामीणों और दो पुलिस वालों की हत्या के बाद नक्सलियों ने अब मुखबिरी के शक में एक कोटवार की उसके घर से अगुवा करने के बाद हत्या कर दी।

घर से उठाकर ले गए अपने साथ
ताजा मामला महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले के एमनार गांव की है। जानकारी के अनुसार इस गांव के कोटवार रमेश रामटेके बीती रात अपने घर में सोया हुआ था कि नक्सलियों ने उसे उठाया और अपने साथ ले गए। इसके बाद उसकी हत्या कर शव सड़क में फेंक दिया।

15-20 की संख्या में थे
गढ़चिरौली से मिली जानकारी के अनुसार कोटवार रमेश रामटेके उम्र लगभग 40 वर्ष के घर में 15 से 20 सशस्त्र नक्सली पहुुंचे और उसे उठाकर ले गए। उस पर पुलिस का मुखबिर होने का आरोप लगाते हुए उसकी पिटाई की और फिर हत्या कर दी। हत्या करने के बाद शव को गांव के बाहर ही सड़क में छोड़ नक्सली चले गए। शव के पास से किसी तरह पोस्टर या पर्चा मिलने की जानकारी नहीं मिली है।

लगातार हो रही वारदात
महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले में पिछले नक्सली लगातार घटनाओं को अंजाम दे रहे हंै। रविवार को ग्यारहपïत्ती क्षेत्र में बारूदी सुरंग विस्फोट में सीआरपीएफ के एक जवान की शहादत से पहले कोडगुल तहसील क्षेत्र के सोमपुर में बाजार के बंदोबस्त में लगे जवानों को निशाना बनाकर बारूदी सुरंग विस्फोटट किया गया था।

जवान हो गया था शहीद
इस घटना में घायल जवान सुरेश गावड़े की उपचार के दौरान मौत हो गई थी। इससे पहले गढ़चिरौली जिले के धनोरा में सुरेश तोप्पा नाम के युवक की मुखबिरी के शक में कुल्हाड़ी से वारकर हत्या कर दी गई थी।

मुर्गा लड़ाई देख रहे सुनील को गोली मारा
इससे दो दिन पूर्व धनोरा के बाजीराव जांगी की हत्या कर उसका शव राजनांदगांव जिले के औंधी के राममनोरा गांव में फेंक दिया गया था। इससे पहले भी 21 नवंबर को झाड़ापापड़ा गांव के साप्ताहिक बाजार में मुर्गा लड़ाई देख रहे सुनील पवार की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।