
Free Smartphone 2023: राज्य सरकार की इंदिरा गांधी स्मार्टफोन फोन योजना के तहत पिछले दो दिन से लाभार्थी महिलाओं को मोबाइल का वितरण नहीं किए जाने पर गुस्साई महिलाओं ने बुधवार को नंदावट में राजमार्ग संख्या आठ पर पहुंचकर हाइवे पर जाम लगा दिया।
आक्रोशित महिलाओं ने बताया कि वे पिछले 2 दिन से अपने गांव से पैदल चलकर स्मार्टफोन लेने के लिए नंदावट स्थित राजकीय कन्या महाविद्यालय पर प्रात: जल्दी ही पहुंच रही है, लेकिन शिविर में पहुंचने पर उन्हें बताया गया कि मोबाइल खत्म हो गए हैं। बताया कि सभी लाभार्थी महिलाओं के नरेगा में 100 दिन का काम पूर्ण हो चुका है। इसके बावजूद उन्हें मोबाइल नहीं दिए जा रहे हैं। इसको लेकर बुधवार को अलग-अलग ग्राम पंचायत से काफी संख्या में पहुंची महिलाओं को जब बुधवार को भी मोबाइल नहीं दिए गए तो उन्होंने नंदावट स्थित हाईवे पर आसपास से झाड़ियों को काटकर बीच रोड पर रखते हुए हाइवे को जाम कर दिया।
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हाइवे को जाम किए जाने की सूचना मिलने पर विकास अधिकारी कैलाश पंचारिया, पुलिस वृत निरीक्षक शैलेंद्रसिंह मय जाब्ता मौके पर पहुंचे। इन्होंने रास्ता जाम कर रही महिलाओं की समझाईश करते हुए मामले को शांत किया। साथ ही गुरुवार से मोबाइल वितरण किए जाने को आश्वस्त किया, जिसके बाद महिलाओं ने जाम हटा लिया। इस बीच रास्ता जाम होने से दोनों और वाहनों की लंबी कतारें लग गई। दूसरी और मोबाइल वितरण करने वाले कर्मचारी विजेंद्रसिंह ने बताया कि कुछ महिलाओं के 100 दिन नरेगा में पूरे नहीं होने के कारण लाभार्थियों की सूची में उनके नाम नहीं आने के कारण मोबाइल नहीं दिए गए। बुधवार को शिविर बंद था, लेकिन महिलाओं को अन्य लोगों ने गुमराह कर दिया, जिसके कारण महिलाओं ने हाइवे को जाम करने की कोशिश की पर पुलिस व प्रशासन ने समय पर आकर समझाइश से जाम को खुलवा दिया। वहीं, गुरुवार से मोबाइल आने पर वितरण किए जाएंगे।
अभद्र व्यवहार करने का आरोप
पंचायत समिति परिसर में इंदिरा गांधी स्मार्ट फोन योजना के तहत आयोजित मोबाइल वितरण शिविर में कार्यरत कार्मिकों पर लाभार्थियों ने अभद्र व्यवहार का आरोप लगाते हुए तहसीलदार देेवाराम भील को ज्ञापन सौंपकर कार्यवाही की मांग की।
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उपखण्ड के गांव जिलोला साकरोदा, डीडवाना, दौवड़ा, सारनिया खेड़ा, सेंगनवास, सालमपुरा, किसनपुरिया, लोडियाणा, गोवल, राछेटी, नाबरिया के ग्रामीणों ने बताया कि वे स्मार्ट फोन योजना के तहत मैसेज आने पर बुधवार को शिविर में मोबाइल लेने के लिए पहुंचे। इस दौरान शिविर में कार्यरत कार्मिक से मोबाइल वितरण के बाबत पूछताछ करने पर वे आवेश में आ गये तथा अभद्र व्यवहार किया। आरोप लगाते हुए बताया कि कार्मिकों ने उन्हें मोबाइल नहीं होने और शिविर से चले जाने के लिए कहा। इस पर धनराज गुर्जर साकरोदा, उदयलाल साकरोदा, लक्ष्मण सालवी डीडवाना, चंदा सालवी सारनिया खेड़ा, मंजू गुर्जर सेंगणवास, मदनसिंह सालमपुरा, धन कंवर गोवल सहित ग्रामीणों ने कार्मिकों के इस व्यवहार पर रोष जताया। ज्ञापन में बताया कि कई लाभार्थी महिलाएं व छात्राएं 4 से 5 बार चक्कर काट चुके हैं तथा ये लग समय और धन व्यय कर काफी दूर से कामकाज छोड़कर आते हैं। ऐसे में उनके साथ इस प्रकार का व्यवहार किया जाना अनुचित है। इसको लेकर ग्रामीणों ने ऐसे कार्मिकों को हटाने तथा हर ग्राम पंचायत पर कैम्प लगवाने की मांग की। इस दौरान कंकू बलाई, चंदा सालवी, कानसिंह, मदनसिंह, शांता देवी, ललिता माली, कमल लोहार सहित ग्रामीण मौजूद रहे।
कार्मिकों को किया है पाबंद
मोबाइल की सप्लाई नहीं आने से अव्यवस्था हुई है। लाभार्थियों को सप्लाई आने के बाद ही मैसेज करने और कार्मिकों को भविष्य में ग्रामीणों से सही ढंग से बात करने के लिए पाबंद किया है।
- देवराम भील, तहसीलदार, आमेट
Updated on:
21 Sept 2023 11:36 am
Published on:
21 Sept 2023 11:34 am
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