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कर्जमाफी के बाद भी धरतीपुत्र ने मौत को लगाया गले, नहीं झेल पाया ऐसा सदमा

राजस्थान में किसानों द्वारा आत्महत्या का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा है...
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पीपली आचार्यान/राजसमंद।

राजस्थान में किसानों द्वारा आत्महत्या का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा है। कभी कर्ज से परेशान होकर तो कभी फसलों के उचित दाम नहीं मिलने से तो कभी फसलों के खराब होने के चलते किसान आत्महत्या को मजबूर हो रहे हैं। एक बार फिर से ऐसा ही किसान की आत्महत्या का मामला सामने आया है। इस बार किसान की मौत का कारण जोरदार पड़ रही ठंड बनी है। प्रदेश के राजसमंद जिले में अत्यधिक ठंड और पाले से बैंगन की फसल खराब होने से आहत किसान ने रविवार को फंदे पर लटक आत्महत्या करने का मामला सामने आया है।

पुलिस के अनुसार पीपली आचार्यान निवासी लेहरूलाल (48) रविवार सुबह खेत पर गया, जहां पाला पडऩे से करीब चार बीघा में बोई बैंगन की फसल खराब हो गई थी। इससे लेहरूलाल सदमें में आ गया। वह घर से सब्जी की सिंचाई करने की बात कहकर निकला। करीब 11 बजे उसकी पत्नी गौरीदेवी खेत पर पहुंची, तो पति पेड़ पर फंदे से लटका मिला। आसपास के लोगों ने लेहरूलाल को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। कांकरोली वृत निरीक्षक कैलाशदान ने बताया कि किसान ने पेड़ से फंदा लगाकर खुदकुशी की है। प्रकरण की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है। गौरतलब है कि मध्यप्रदेश में भी कर्ज माफी की घोषणा के बाद एक किसान ने आत्महत्या कर ली थी।