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देवगढ़ में खुले बाजार, तनाव के बीच शांति का माहौल कायम

रविवार को गणेश विसर्जन जुलूस को लेकर प्रशासन पूरी तरह अलर्टभारी जाब्ता तैनात, मंगवाया और अतिरिक्त पुलिस बल

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Rajsamand news

देवगढ़ में खुले बाजार, तनाव के बीच शांति का माहौल कायम

राजसमंद/देवगढ़. जिले के देवगढ़ कस्बे में पिछले दो दिन से गर्माए माहौल के बाद शनिवार को बाजार तो खुल गए, लेकिन माहौल तनाव बना रहा। हालांकि इस बीच शांति व्यवस्था बनी रही और कहीं से किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं है। हालात को देखते हुए नगर में पुलिस का भारी लवाजमा अब भी तैनात है।


नगर में शुक्रवार को मोहर्रम के तहत प्रशासन की समझाइश के बाद ताजियों को मस्जिदों के बाहर ही ठण्डे किए जाने के बाद वातावरण पूरी तरह शांत रहा। हालांकि, इसके बाद भी शुक्रवार को देर शाम तक भी बाजार बंद रहे और लोगों के इधर-उधर बैठे रहने के बीच देर रात तक अफवाहों का दौर भी बना रहा, लेकिन किसी प्रकार की कोई घटना नहीं होने से माहौल तनाव पूर्ण शांति का बना रहा। इसके बाद शनिवार को सामान्य दिनों की तरह बाजार खुल गए, लेकिन तनाव की स्थिति बनी रही। इसके चलते नगर में चप्पे-चप्पे पर भारी पुलिस जाब्ता तैनात रहा। इधर, अनंत चतुर्दशी होने से नगर में रविवार को गणेश महोत्सव का समापन होगा और जुलूस के साथ गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन किया जाएगा। इसको लेकर प्रशासन ने शनिवार को ही तैयारियां पूरी करते हुए पूर्व से तैनात जाब्ते के अलावा और भी जाब्ता मंगवाया है। वहीं, नगर में माहौल बिगाडऩे के लिए बाहरी तत्वों के प्रवेश की आशंका को देखते हुए भी विशेष उपाय किए गए और नगर में प्रवेश के मार्गों पर नाकाबंदी भी की गई है।
उल्लखेनीय है कि नगर में गुरुवार को ठाकुरजी की रामरेवाड़ी शोभायात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को बाइक से टक्कर मारने के आरोपित की तत्काल गिरफ्तारी नहीं होने के विरोध में एक समुदाय के लोग आक्रोशित हो गए। रात 10 बजे से माणक चौक में एकत्रित हो गए, जहां भजन-कीर्तन शुरू करते हुए ताजिये का जुलूस बाजार से नहीं निकलने देने का खुला ऐलान कर दिया। रात 11 बजे तक आसपास के ग्रामीण क्षेत्र से भी बड़ी तादाद में संगठनों के पदाधिकारी व कार्यकर्ता एकत्रित हो गए। इस दौरान कलक्टर श्यामलाल गुर्जर, एसपी भुवन भूषण यादव, एसडीएम केआर चौहान की समझाइश के बाद भी लोग बाइक से टक्कर मारने वाले आरोपित को गिरफ्तार करने और ताजिये का जुलूस बीच बाजार से नहीं निकालने देने की बात पर अड़े रहे। प्रशासन द्वारा प्रतिनिधि मंडल से वार्ता में जुलूस निकालने के बाद कार्रवाई की बात कही। इस बात से उग्र भीड़ ने माणक चौक में टायर जलाकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। हालात बिगड़ते देख एसडीएम के नेतृत्व में पुलिस पहुंच गई और हल्का बल प्रयोग करते हुए लाठिया फटकारी। इस पर भीड़ तितर बितर हो गई, मगर कुछ देर रात करीब डेढ़ बजे बाद कुंजबिहारी चौक व माणक चौक के ऊपरी हिस्से से कुछ लोगों ने सडक़ पर खड़े पुलिस जवानों पर पथराव किया। इसके जवाब में पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे व रब्बर की गोलियां चलाई और लोगों को शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की। उसके बाद रात 2 से एक घंटे तक होलीथान के पास कुछ युवकों ने तीन से चार बार पत्थर डालकर रास्ता रोक दिया, जिसे बार बार पुलिस जवानों ने पहुंचकर पत्थर हटाए।

ताजिया रिटर्न पर आपस में उलझे
सूरज दरवाजा से रात करीब 3 बजे ताजिये का जुलूस वापस मोडऩे की बात को लेकर मुस्लिम समुदाय के बड़े व युवा आपस में ही उलझ गए। काफी देर तक गहमागहमी का माहौल बना रहा। बाद में युवा 4 बजे तक उसी जगह ढोल तासे बजाने व उसी जगह रूकने की बात पर सहमत हुए। फिर तडक़े सवा चार बजे ताजिये का जुलूस मुडक़र जामा मस्जिद पहुंचा। उसी दौरान लोगों की पुलिस से भी झपड़ हुई।
युवकों को हिरासत में लेने पर बवाल
रात में नारेबाजी, पथराव व हल्का पुलिस बल प्रयोग के दौरान इधर उधर भागते हुए तीन युवकों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। यह खबर अल सुबह ही सोशल मीडिया पर वायरल हो गई, जिससे आक्रोशित व्यापारी व शहरवासियों ने बाजार बंद रखते हुए 9 बजे माणक चौक में एकत्रित हो गए। दस बजे प्रतिनिधि मंडल देवगढ़ थाने पहुंचे, जहां कलक्टर श्यामलाल गुर्जर व एसपी भुवन भूषण यादव ने शांति व्यवस्था की अपील करते हुए दोनों युवकों को छोड़ दिया।
पुलिस के खिलाफ किया प्रदर्शन
जामा मस्जिद से मोहर्रम का जुलूस सूरजदरवाजा पहुंचने के बाद बेरिकेट हटाकर तालाब की तरफ जाने लगे, जिस पर पुलिस ने हल्का बल प्रयोग करते हुए खदेड़ दिया। उसके बाद जुलूस वापस मुड़ गया, मगर मुस्लिम समुदाय के लोगों ने पुलिस व प्रशासन के विरुद्ध नारेबाजी करते हुए विरोध प्रदर्शन किया। लोगों ने पुलिस व प्रशासन पर तानाशाही के आरोप लगाए और सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध नहीं करने के भी आरोप लगाए।
अफसर डटे रहे, तैनात रहा जाब्ता
कलक्टर श्यामलाल गुर्जर, एसपी भुवन भूषण, एएसपी राजेश भारद्वाज, भीम डीएसपी भरतसिंह, कुंभलगढ़ डीएसपी मंजीतसिंह शक्तावत, केलवाड़ा थाना प्रभारी ज्ञानेन्द्रसिंह, भीम सीआई लाबूराम विश्नोई, दिवेर थाना प्रभारी दिलीपसिंह के नेतृत्व में एमबीसी, क्यूआरटी के जवानों के साथ भारी पुलिस बल तैनात रहा। माणक चौक से लेकर शहर के तमाम गली मोहल्लों में पुलिस टुकडिय़ा दिनभर तैनात रहा।