5 सितंबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

मिड-डे-मील के लिए अब खेत से सीधे स्कूल पहुंचेंगी दालें

नैशनल एग्रीकल्चरल ऐंड को आपरेटिव मार्केटिंग फेडरेशन करेगा दाल की आपूर्ति
2 min read
Google source verification
naieed suply Pulses in schools

मिड-डे-मील के लिए अब खेत से सीधे स्कूल पहुंचेंगी दालें

-प्रमोद भटनागर
राजसमंद/आईड़ाणा. राजकीय विद्यालयों में अब सरकार की ओर से ही दाल की सप्लाई की जाएगी। अब तक दाले विद्यालय प्रशासन द्वारा सहकारी उपभोक्ता भण्डार से खरीदी जा रही थी। राजकीय विद्यालयों में मिड-डे-मिल के तहत दालों की आपूर्ति का जिम्मा नेफैड संभालेगा। उच्च स्तर पर लिए गए इस निर्णय के मुताबिक अब नेफैड दाले सीधे किसानों से खरीद कर विद्यालयों में आपूर्ति करेगा। आपूर्ति की जाने वाली दाल का भुगतान कुकिंग करवर्जन राशि में से काटकर किया जाएगा। नवम्बर से स्कूलों को मिलने वाली कुकिंग कन्वर्जन राशि भी परिवर्तित की जा चुकी है। इस संबंध में मिड डे मिल आयुक्त की ओर से निर्देश जारी कर दिए गए है।
यह होगा बदलाव
मिड-डे-मिल योजना में प्रत्येक विद्यालय में सप्ताह में चार दिन दाल बनाए जाने का प्रावधान है। बुधवार व शुक्रवार को रोटी के साथ दाल, मंगलवार को चावल के साथ दाल तथा गुरुवार को दाल तथा सब्जी युक्त चावल की खिचड़ी बनाई जाती है। पहले दाल की खरीद विद्यालय के माध्यम से बाजार से होती थी। नई व्यवस्था नवम्बर माह से लागू होगी। गौरतलब है कि कक्षा एक से पांच तक के लिए 20 ग्राम दाल प्रति विद्यार्थी तथा कक्षा 6 से आठ के लिए 30 ग्राम दाल प्रति विद्यार्थी प्रतिदिन उपलब्ध कराई जाने का नियम है। कुल दाल में से 50 प्रतिशत मूंग दाल छिलका सहित, 25 प्रतिशत उड़द दाल और 25 प्रतिशत चना दाल शामिल की जाती है।
कुकिंग कनवर्जन दरों में ये बदलाव
अब दालों की खरीद केन्द्रीयकृत होने के बाद स्कूलों को मिलने वाली कुकिंग कनवर्जन की दरें परिवर्तित कर दी जाएंगी। आगामी नवम्बर माह से कक्षा एक से पांच तक के बच्चों के लिए कुकिंग कनवर्जन की दर 3.28 रुपए प्रति छात्र प्रतिदिन होगी। वहीं कक्षा 6 से 8 तक के बच्चों के लिए यह दर 4.91 रुपए होगी।
इससे पहले कक्षा एक से पांच के बच्चों के लिए यह दर 4.13 रुपए तथा कक्षा 6 से 8 के बच्चों के लिए 6 .18 रुपए थी। अब नेफैड को दालों की आपूर्ति का भुगतान इसी कुकिंग कनवर्जन राशि में से किए जाने के फैसले के कारण यह परिवर्तन किया गया है।