
वृद्ध को मृत बताकर बंद कर दी पेंशन, विभागीय लापरवाही उजागर
कुंवारिया. पंचायत समिति की लापरवाही के चलते एक जिंदा वृद्ध को मृत बताकर वृद्धावस्था पेंशन बंद करने का मामला सामने आया है। अब वृद्ध अपने को जिंदा साबित करने के लिए दर-दर की ठोकरें खा रहा है। मामला महासतियों की मादडी ग्राम पंचायत क्षेत्र के घाटी गांव का है। घाटी निवासी शंकर लाल सालवी (७०) पुत्र देवा सालवी की वृद्वावस्था पेंशन स्वीकृत हुई थी। गत वर्ष तक पेंशन अनवरत रूप से आरही थी, अचानक पेंशन बैंक के खाते में आना बंद हो गई। पेंशन नहीं आने पर यह सोच कर शांत बैठ गया कि हो सकता है आगे के महीनें में बैंक के खाते में आ जाए। लगातार कई महीनें गुजर जाने पर पूछताछ की तो मालूम चला कि पेंशन बंद होने का कारण उनकी मृत्यु बताया गया है।
जिंदा साबित करने के लिए लगा रहा चक्कर
शंकरलाल ने बताया कि वो कई बार समस्या को लेकर विकास अधिकारी राजसमंद के समक्ष व शिविर में गया लेकिन उसकी समस्या का समाधान नहीं हो रहा है।
एक ही नाम के दो व्यक्ति होना आया सामने
शंकरलाल सालवी ने बताया कि घाटी गांव में ही उनके नाम का एक व्यक्ति और था, जिसकी गत वर्ष एक दुर्घटना में मृत्यु हो गई थी, शायद उसी कारण से उसकी पेंशन बंद की गई है। उसका आरोप है कि अगर ऐसा था तो भी जिम्मेदारों को इसकी पुष्टि करनी चाहिए थी।
इनका कहना है...
घाटी गांव के वृद्ध की पेंशन एक वर्ष से बंद है तो प्रकरण की आवश्यक जांच कराके आहत व्यक्ति को शीघ्र राहत प्रदान कराई जाएगी।
कुशुम कुंवर राठौड़, सरपंच महासतियों की मादड़़ी
करंट से बंदर की मौत
कांकरोली में पुरानी सब्जी मंडी में विद्युत ट्रांसफार्मर पर उछलकूद करते वक्त करंट से झुलसकर बंदर की मौत हो गई। बाद में बिजली बंद कर बंदर का शव नीचे उतारा। फिर बजरंग दल कार्यकर्ताओं ने ढोल ढमाके के साथ शवयात्रा निकाल कमल तलाई होकर पचास फीट रोड ले गए, जहां उसे दफनाया गया। घायल बंदर के बच्चे का भी पशु चिकित्सालय में उपचार कराया गया। इस दौरान जिला सह संयोजक मनीष छापरवाल, हरीश कुमावत, हितेश पालीवाल, नितेश यादव, मयंक नंदवाना, जगदीश जोशी, रमेश, किशन कुमावत, दीपेश, राजू साहू, प्रेम आदि थे।
Published on:
20 Aug 2018 11:04 am
