
दूल्हे ने दहेज के साथ ठुकराई कुरीतियां
प्रमोद भटनागर
राजसमंद/लसानी. क्षेत्र की ईशरमण्ड ग्राम पंचायत के देवपुरा गांव में राजपूत परिवार की एक कन्या के विवाह में वर पक्ष ने दहेज लेने से इंकार करते हुए सामाजिक कुरीति के खिलाफ अनूठी पहल कर समाज के समक्ष आदर्श प्रस्तुत किया है।
ईशरमण्ड के देवपुरा गांव के उम्मेदसिंह चुंडावत की पुत्री कुसुमलता कंवर का विवाह मोरखा गाव बाली (पाली) के गजेंद्रसिंह चंपावत के पुत्र कुलदीप सिंह चंपावत के साथ एक फरवरी को हुआ। विवाह समारोह में वर पक्ष ने सभी गैर जुरूरी रस्म-रिवाजों से परहेज करने के साथ ही दूल्हे कुलदीप सिंह ने दहेज को भी स्वीकार करने से मना कर दिया। इस पर वधु पक्ष की काफी मनुहार के दूल्हा सगुन के तौर पर 101 रुपए रखने पर राजी हुआ। दूल्हे के इस निर्णय की वहां मौजूद वधु पक्ष के लोगों को साथ ही समाज के सभी लोगों ने भी स्वागत करते हुए इसे एक अच्छी पहल बताया। दूल्हे ने इस संबंध में बताया कि सामाजिक तौर पर शादी के रस्मो रिवाज निभाना हमारा दायित्व है, लेकिन दहेज लेकर मैं समाज में चली आ रही गलत परंपरा का निर्वहन नहीं करना चाहता। साथ ही कहा कि वह समाज में अन्य नौजवानों को भी दहेज नहीं लेने के लिए जागरूक करता रहेगा। वहीं, कन्या पक्ष के उम्मेदसिंह, चतरसिंह, हनुमंत सिंह, करणसिंह चुंडावत, रतनसिंह ने भी इस पहल को समाज के लिए शुभ बताया।
Updated on:
04 Feb 2019 01:13 pm
Published on:
04 Feb 2019 01:13 pm
