
कुंवारिया (राजसमंद)। समीपवर्ती जूणदा खेड़ी गांव के एनीकट में रविवार दोपहर नहाने के दौरान गहराई में चले जाने से तीन मासूमों की पानी में डूबने से मौत हो गई। घटना से पूरे क्षेत्र में हडक़म्प मच गया।
पुलिस ने बताया कि नारायण (9) पुत्र सुरेश रावत, उसकी बहन पूजा (6) तथा इनका ममेरा भाई नरेंद्र (8) पुत्र अर्जुन रावत रविवार दोपहर राजसमंद-भीलवाड़ा जिले की सीमा पर स्थित जूणदा खेड़ी उच्च माध्यमिक विद्यालय के पीछे एनीकट पर नहाने गए थे। गहराई में चले जाने से तीनों मासूम पानी में डूब गए। नरेंद्र रावत के परिवार वालों ने बकरियां चरा रहे उसके काका रतन को बच्चे घर पर नहीं होने की बात कही। रतनलाल को बच्चे नहीं दिखे तो आसपास तलाश की। एनिकट के पास जाकर देखा तो किनारे पर कपड़े व जूते पड़े देखकर वह हक्का-बक्का रह गया।
अस्पताल पहुंचाया, तब तक जा चुकी थी जान
ग्रामीणों ने एनीकट में तलाश की तो तीनों मासूम बेसुध अवस्था में मिल गए। तीनों को बाहर निकालकर चिकित्सालय पहुंचाया। जहां चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया। तीनों के शव रेलमगरा के सामुदायिक चिकित्सालय की मोर्चरी में रखवाए। उपखण्ड अधिकारी रेलमगरा, तहसीलदार, कुंवारिया थाना प्रभारी ओम सिंह आदि वहां पहुंचे, तब तीनों शवों का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों के सुपुर्द कर दिए। अंतिम संस्कार सोमवार को होगा। इस घटना को लेकर जूणदा खेड़ी गांव व आसपास के इलाकों में शोक की लहर फैल गई है।
दोनों आंखों के तारे चले गए
नारायण व उसकी बहन पूजा के डूबने की खबर सुनते ही मां काली देवी बेसुध सी हो गई। उनका रो-रोकर हाल बेहाल हो गया। पिता सुरेश रावत गुजरात के वापी में व्यवसाय करते हैं। उन्हें घटना की सूचना दी गई। सुरेश की दोनों संतानों की दुखद खबर से पूरे गांव में गम पसर गया। मासूमों के ममेरे भाई नरेन्द्र के परिजन भी शोक में डूब गए। नारायण कक्षा चार में, उसकी बहन पूजा कक्षा दो तथा नरेन्द्र कक्षा 4 में पढ़ता था।
Published on:
10 Sept 2023 08:44 pm
बड़ी खबरें
View Allराजसमंद
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
