
बेटी को कब्जे में देख मां हुई हमलावर तो शिकार छोडक़र भाग खड़ा हुआ पैंथर
कुंवारिया. क्षेत्र की महासतियों की मादड़ी ग्राम पंचायत के डुमखेड़ा गांव की आबादी के निकट खेतों में चारा काटती युवती पर रविवार को पैंथर ने हमला कर घायल कर दिया। युवती की मां के साहस दिखाने से उसकी जान बच गई और पैंथर उसे छोडक़र भाग गया। बाद में युवती को उपचार के लिए आरके जिला अस्पताल राजसमंद ले जाया गया।
डुमखेड़ा निवासी संगीता गुर्जर (२२) पुत्री बद्रीलाल गुर्जर रविवार सुबह करीब ग्यारह बजे खेत में चारा काट रही थी। इसी दौरान चारे की ओट में छीपकर बैठे पैंथर ने युवती पर सामने से हमला कर दिया। पैंथर के हमला करते ही युवती के चिल्लाने पर समीप ही चारा काट रही उसकी मां सुन्दर बाई डरने की बजाए साहस दिखाते हुए बेटी की सहायता के लिए चिल्लाते हुए उसकी ओर दौड़ी तो पैंथर युवती को छोडक़र चारे में होते हुए भाग गया। हल्ला सुनकर आसपास के खेतों में कार्य करने वाले काफी किसान मौके पर पहुंच गए, जिन्होंने पैंथर को तलाश किया, लेकिन वह चारे में कहीं ओझल हो गया।
ग्रामीणों ने घायल संगीता को जिला चिकित्सालय पहुंचाया, जहंा युवती का उपचार कराया गया। उपचार के बाद में युवती की हालत में सुधार है। युवती के गले व हाथ में गहरे घाव आए हैं।
घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है। इसको लेकर ग्रामीणों ने पिंजरा लगाकर पैंथर को पकडऩे की मांग की है।
वन विभाग की टीम पहुंची
पंैथर के द्वारा युवती पर हमला करने की सूचना पर वन विभाग राजसमंद के वनपाल पूर्णेश चन्द्र पारीक, केटल गार्ड हिम्मतसिंह, कालु सिंह राठौड़, बंशीलाल गुर्जर, उदयलाल गुर्जर, सोहनलाल गुर्जर, भेरूलाल गुर्जर ने युवती के घर पहुंच कर घटना की ली। साथ ही खेतों में मौका भी देखा। टीम ने खेतों में मिले पग मार्क को देखने के बाद हमला पैंथर के द्वारा ही किए जाने की पुष्टि की।
दर्जनों पशुओं को बनाया शिकार
ग्रामीण रोशनलाल गुर्जर नारायण लाल गुर्जर, गोपीलाल गुर्जर व ग्रामीणों ने बताया कि पैंथर विगत एक माह से पशुओं के लिए काल बना हुआ है। शनिवार की रात को भी गांव की सडक़ के किनारे स्थित बंशीलाल, गंगाराम गुर्जर के बाड़े में दीवार फांदकर पैंथर घुसा था, जिसे ग्रामीणों ने हल्ला करके भगाया था। जबकि, गांव में पिछले एक माह में भंवरलाल गुर्जर, गोपीलाल, वक्तालाल, सवाराम के बाड़ों में घुसकर मवेशियों को शिकार बना चुका है।
लगवाएंगे पिंजरा
&पैंथर को पकडऩे के लिए शीघ्र ही डुमखेड़ा में पिंजरा लगावाया जाएगा।
पूर्णेशचन्द्र पुरोहित,
वनपाल, वन विभाग, राजसमंद
Published on:
23 Jul 2018 11:52 am
