Video: चुनावी पर्चा भरने पहुंचा हार्डकोर नक्सली, इस वजह से उठाए थे हथियार, सैकड़ों केस हैं दर्ज

इस हार्डकोर नक्सली को झारखंड पार्टी (Jharkhand Party) टिकट देने (Jharkhand Assembly Election 2019) वाली थी, ऐसा नहीं (Naxalite Kundan Pahan Story) हुआ तो (Naxalite Kundan Pahan) उसने निर्दलीय ही पर्चा भर (Naxalite Kundan Pahan Filled Jharkhand Election Nomination) दिया...

 

Prateek Saini

Updated: 18 Nov 2019, 04:21 PM IST

Ranchi, Ranchi, Jharkhand, India

(रांची): हार्डकोर नक्सली कुंदन पाहन को तमाड़ विधानसभा से झारखंड पार्टी ने अपना उम्मीदवार बनाया था। कुंदन पाहन सोमवार को झारखंड पार्टी उम्मीदवार के रूप में अपना नामांकन दाखिल करने वाले थे, लेकिन उसके पहले ही पार्टी ने कुंदन का टिकट रद्द कर दिया। कुंदन पाहन पर पूर्व मंत्री रमेश सिंह मुंडा की हत्या समेत 128 मामले दर्ज हैं। बाद में जेल में बंद कुंदन पाहन कड़ी सुरक्षा के बीच नामांकन करने निर्वाची कार्यालय पहुंचे और निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर अपना नामांकन दाखिल किया।

 

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पुलिस ने बढाई सुरक्षा...

निर्दलीय प्रत्याशी कुंदन पाहन ने रांची जिले के तमाड़ विधानसभा क्षेत्र के लिए पूरे दल बल के साथ बुंडू अनुमंडलीय कार्यालय पहुंचकर नामांकन किया। नामांकन का अंतिम दिन होने के कारण कई राष्ट्रीय और क्षेत्रीय राजनीतिक दलों के कार्यकर्त्ता अपने—अपने प्रत्याशी के समर्थन में निर्वाचन कार्यालय के बाहर डटे थे। पूर्व नक्सली होने के कारण सुरक्षा को लेकर पुलिस सतर्क थी। किसी भी प्रेस मीडिया प्रतिनिधि को कुन्दन पाहन से बातचीत करने की इजाजत नहीं दी गयी। निर्वाचन को लेकर बुंडू अनुमंडलीय नामांकन कार्यालय के बाहर बैरिकेटिंग लगाकर सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद किया है। अनुमंडलीय कार्यालय के बाहर जगह—जगह पुलिस बलों की तैनाती की गई है। नामांकन का अंतिम दिन होने के कारण अत्यधिक भीड़ को नियंत्रित करने के लिए बड़ी मात्रा में पुलिस बलों को लगाया गया है।

 

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यूं उठाए थे पाहन ने हथियार...


कुंदन पाहन का असली नाम बीर सिंह पाहन है। खूंटी ज़िले के अड़की प्रखंड के बारीगड़ा गांव का रहने वाला कुंदन पारिवारिक ज़मीन पर आपसी कलह के बाद हथियार उठा लिया था।उसके दो भाइयों ने भी माओवादियों से हाथ मिला लिया था। हालांकि उसके एक भाई दिम्बा पाहन ने पहले ही आत्मसमर्पण कर दिया था ,जबकि दूसरे भाई श्याम पाहन को पुलिस ने पंजाब से गिरफ्तार किया था। कुंदन पाहन पर रांची में 42, खूंटी में 50, चाईबासा में 27, सराइकेला में 7, गुमला में 1 और रामगढ़ में 1 मामले दर्ज हैं।


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