24 अगस्त 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

तंबाकू खाने वाले युवाओं का मध्य प्रदेश में करेंगे सर्वे, 8 वीं से 10वीं तक के बच्चे भी शामिल

सर्वे से जाना जाएगा तंबाकू उपयोग का पैटर्न, राज्य में सर्वे के बाद ब्योरा करेंगे तैयार
2 min read
Google source verification
45 अधिकारियों को दी पदोन्नति (photo source- Patrika)

45 अधिकारियों को दी पदोन्नति (photo source- Patrika)

रतलाम। मध्य प्रदेश सहित पूरे देश मैं कितने युवा तंबाकू खा रहे हैं, इसका सर्वे कराने का निर्णय केंद्र सरकार ने लिया है। केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय यह सर्वे कराने जा रहा है। इसका नाम ग्लोबल यूथ टोबैको सर्वे रखा गया है। मंत्रालय के निर्देश के बाद राज्य स्वास्थ्य विभाग ने सभी जिलों को सर्वे कराने के लिए पत्र लिखा है। स्वास्थ्य विभाग के गैर संचारी रोग कार्यक्रम के तहत यह सर्वे होने वाला है। दावा है इस प्रकार के सर्वे से युवाओं में तंबाकू की लत छुड़ाने में मदद मिलेगी। सर्वे का मकसद देशभर में तंबाकू उपयोग के पैटर्न को जानना है।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने निर्देश दिया है कि इस सर्वे में आठवीं से दसवीं तक के बच्चों को अनिवार्य रूप से शामिल किया जाए और इसके लिए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित करें। बच्चे इस अभियान के ब्रांड एंबेसडर बनाए जाएंगे, ताकि वे स्कूलों में जो बच्चे तंबाकू खाते हैं, उनकी आदत छुड़ाई जा सकें।

यह लिखा निर्देश में

जिले में मिले निर्देश में लिखा है कि इस सर्वे का मकसद देशभर में तंबाकू उपयोग के पैटर्न को जानना है। यानी, बच्चे व युवा तंबाकू की श्रेणी में आने वाले किस चीज का इस्तेमाल कर रहे हैं। इस सर्वे के बाद देश में तंबाकू नियंत्रण के लिए रणनीति तैयार की जाएगी। मंत्रालय ने इस कार्यक्रम की निगरानी का जिम्मा राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र को दिया है। देश के सभी राज्य अपनी रिपोर्ट एनसीडीसी को सौंपेंगे। कॉलेजों में भी यह सर्वे किया जाएगा। खासतौर पर वैसे युवाओं पर फोकस किया जाएगा जो इसकी गिरफ्त में आ चुके हैं।

कई स्कूल में किया कार्य

सर्वे करने के निर्देश मिले है, हालांकि हमने पहले से ही कई स्कूल में इस योजना में कार्य किया है। जिले में अब तक 30 से अधिक स्कूल को तंबाकू मुक्त घोषित किया है।

- संध्या बेलसरे, सीएमएचओ, रतलाम