16 अप्रैल 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

मंदसौर गैंगरेप: हजारों की भीड़ ने फांसी पर टांग दिया दोनों आरोपियों को

मंदसौर गैंगरेप: हजारों की भीड़ ने फांसी पर टांग दिया दोनों आरोपियों को

3 min read
Google source verification
Mandsaur gangrape

brother intimate little sister forcely

रतलाम। मंदसौर में मासूम के साथ हुए गैंगरेप के मामले में लोग इतने नाराज है कि शनिवार को दोनों आरोपियों को सरेआम चौराहे पर फांसी पर लटका दिया। ये घटनाक्रम शनिवार दोपहर को रतलाम में हुआ। इसके पहले हजारों लोग सड़क पर उतरे व शांतिमार्च निकाला। इसके बाद फांसी की सजा देने की मांग के साथ कलेक्टर को ज्ञापन दिया। ज्ञापन देने के बाद भी लोगों का आक्रोश शांत न हुआ व दुष्कर्मियों को उन्होने फांसी पर टांग दिया।

बता दे की मंदसौर में मासूम के साथ हुए वहशीपन के तरीके से गैंगरेप के बाद देशभर में निर्भया कांड की याद ताजा कर दी है। मामले में कांगे्रस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी से लेकर मुख्यमंत्री शिवराजङ्क्षसह चौहान तक सोशल मीडिया पर अपनी प्रतिक्रिया दे चूके है। मामले की गंभीरता को इसी से समझा जा सकता है कि चिकित्सकों को मासूम के इलाज के लिए आंते तक काटना पड़ी है। इंदौर के चिकित्सकों के अनुसार मासूम को बीच-बीच में होश आ रहा है।

बाहर के डॉक्टर बुलाए गए

इंदौर के चिकित्सकों के अनुसार उनकी लंबी सेवा अवधि में ये पहला मामला है जब इस तरह से गैंगरेप के बाद मासूम को नौचा गया हो। अब इंदौर के बाहर मुंबई व दिल्ली से वरिष्ठ चिकित्सकों को मासूम के बेहतर इलाज के लिए बुलाया गया है। मासूम के शरीर पर अनेक जगह पर दांतों से काटने के निशान है। चिकित्सकों के अनुसार मासूम के स्वास्थ्य में तेजी से सुधार हो रहा है।

ये हुआ रतलाम में सुबह से

शहर में आमजन ने शांतिमार्च निकाला। इसमे हाथों में लोग गैंगरेप के आरोपियों को फांसी दो के तख्तियां लेकर चल रहे थे। इसके अलावा एक ट्रैक्टर भी चल रहा था, जिसमे दोनों आरोपियों का पुतला था। इस पुतले को ही ज्ञापन के बाद लोगों ने फांसी दी है। हर व्यक्ति ये ही कह रहा है कि फांसी के नीचे कोई सजा मंजूर न है। आमजन का गुस्सा काफी है।

मुस्लिम समाज ने की निंदा

घटना की मंदसौर, नीमच सहित रतलाम में भी मुस्लिम समाज ने कड़ी निंदा करते हुए दोनों आरोपियों को फांसी देने की मांग की है। इसके लिए पत्र लिखो अभियान तालिम संस्था के इमरान खोकर ने शुरू किया है। इमरान के अनुसार समाज में एेसे लोगों के लिए कोई जगह नहीं है जो महिलाओं या बेटियों की इज्जत न करें।