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विंध्य में हाथी की चाल हुई तेज, बसपा ने सबसे आगे चुनाव मैदान में उतरे प्रत्याशी

संभाग में सबसे पहले प्रत्याशी देेकर सबको चौकाया, रीवा में सात विधानसभा सीटों के उम्मीदवार फाइनल

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रीवा

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Rajesh Patel

Oct 26, 2018

BSP candidates contesting for the first time

BSP candidates contesting for the first time


रीवा. विध्य में हाथी की रफ्तार तेज हो गई है। बहुजन समाज पार्टी ने संभाग में सबसे पहले प्रत्याशियों को चुनाव मैदान में उतार कर सबको चौका दिया है। बसपा ने रीवा जिले में 7, सतना में 5 और सिंगरौली में 3 व सीधी में एक प्रत्याशी को घोषित कर दिया है। शहडोल में 2, छतरपुर और पन्ना में एक-एक उम्मीदवारों को चुनाव मैदान में उतारा है। बसपा की मजबूती देख अन्य दलों को मुश्किलें बढ़ा दी है। दरअसल, पिछले दस साल के भीतर बसपा ने बेहतर प्रदर्शन किया है। 2008 में बसपा के दो विधायक रहे। जबकि वर्ष 2013 में एक विधायक है।पांच विधानसभा क्षेत्र में दूसरे और तीसरे नंबर पर रहे।

रीवा जिले में इन्हें बनाया उम्मीदवार
पार्टी ने जिले में अब तक सात विधानसभा सीटों पर अपने प्रत्याशियों का नाम तय कर दिया है। हालांकि अभी रीवा विधानसभा प्रत्याशी घोषित होना शेष है। बसपा ने गुढ़ विधानसभा से मुनिराज पटेल पर दोबारा दांव लगाते हुए चुनाव मैदान में उतारा है। पार्टी की ओर से जारी लिस्ट के अनुसार मनगवां विधानसभा की विधायक शीला त्यागी , सिरमौर से पूर्व विधायक रामगरीब कोल, सेमरिया से पंकज सिंह पटेल, देवतालाब से सीमा सिंह, मऊगंज से मृग्रेन्द्र सिंह, त्योंथर से गीता माझी को प्रत्याशी बनाया है।

रीवा विधानसभा क्षेत्र में फंसा पेच
जिले के रीवा विधानसभा क्षेत्र के उत्मीदवार की घोषणा को लेकर अभी पेंच फंसा हुआ है। इस विधानसभा में संभावित प्रत्याशियों की लंबी फेहरिस्त है। केके गुप्ता का नाम सबसे आगे चल रहा है। इसके अलावा निशार अहमद अंसारी, रंजन गुप्ता, मधुमासचंद्र सोनी आदि टिकट के लिए जोरअजमाइस कर रहे हैं।

2013 में पांच विस क्षेत्रों में रही टक्कर में
जिले में पिछले दस साल से बसपा लगातार मजबूत हो रही है। मनगवां में विधायक हैं। जबकि सात विधानसभा सीटों पर दूसरे और तीसरे स्थान पर रही है। वर्ष 2013 के चुनाव में मनगवां विधानसभा में बसपा को 40349 वोट मिले थे। यहां से बसपा की शीला त्यागी विजयी हुईं। पार्टी ने इस बार के चुनाव में शीला त्यागी को दोबारा चुनाव मैदान में उतारा है। सेमरिया विधानसभा में बीते चुनाव में बसपा के पकंज सिंह पटेल 30896 वोट मिले थे। पंकज दूसरे स्थान पर रहे। सेमरिया में पार्टी की स्थित मजबूत होने से पार्टी ने दोबारा पकंज को चुनाव मैदान में उतरा है।

देवतालाब में निकटतम प्रत्याशी रहीं विद्यावती
इसी तरह गुढ़ विधानसभा में बसपा को 26099 वोट मिले। यहां के प्रत्याशी रहे मुनिराज पटेल तीसरे स्थान पर रहे। सर्वे के बाद पार्टी ने मुनिराज पटेल को दोबारा मौका दिया है। उधर, मऊगंज में पूर्व सांसद रहे भीम सिंह चुनाव मैदान में रहे। भीम सिंह के निधन के बाद पार्टी ने नए प्रत्याशी के रूप में मृग्रेन्द्र सिंह को मैदान में उतारा है। जबकि देवतालाब में विद्यावती पटेल 32610 वोट पाकर दूसरे स्थान पर रहीं। इस बार पार्टी ने यहां से नए प्रत्याशी के रूप में सीमा सिंह को उम्मीदवार बनाया है। त्योंथर में पूर्व विधायक रामगरीब कोल को 24736 वोट मिले थे। यहां पर पार्टी तीसरे स्थान पर रही।
भाजपा में छोड़ बसपा में शामिल त्योंथर प्रत्याशी
इस बार बसपा ने भाजपा छोड़ कर पार्टी में शामिल होने के बाद त्योंथर की जनपद अध्यक्ष गीत माझी को उम्मीदवार घोषित किया है। त्योंथर के पूर्व विधायक को सिरमौर विधानसभा का प्रत्याशी बनाया है। सिरमौर विधानसभा में 2018 में बसपा का विधायक था। वर्ष 2013 में पूर्व विधायक राजकुमार उर्मिलया तीसरे स्थान पर रहे। इस पर यहां से पार्टी ने पूर्व विधायक रामगरीब कोल को उतारा है।